Jharkhand: जेपीएससी -जेएसएससी छात्र आंदोलन पर सीएम हेमंत सोरेन का बड़ा बयान, बोले- छात्रों की जायज मांगों पर गंभीरता से काम कर रही सरकार

रांची: झारखंड में चल रहे जेपीएससी -जेएसएससी छात्र आंदोलन के बीच मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोमवार रात महत्वपूर्ण बयान जारी किया। मुख्यमंत्री ने छात्र प्रदर्शन के दौरान स्थिति को शांतिपूर्ण और संवेदनशील तरीके से संभालने के लिए पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों की सराहना की। साथ ही उन्होंने छात्रों को भरोसा दिलाया कि उनकी सभी जायज मांगों पर सरकार गंभीरता से काम कर रही है।
लोकतंत्र में छात्रों की आवाज का सम्मान
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि लोकतंत्र में शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगों को रखना प्रत्येक नागरिक का अधिकार है। सरकार छात्रों की आवाज को दबाने के बजाय उसे सुनने और सम्मान देने के लिए प्रतिबद्ध है।उन्होंने बताया कि सरकार के वरिष्ठ मंत्री लगातार छात्र प्रतिनिधियों के संपर्क में हैं और उनके साथ संवाद जारी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि बातचीत और विश्वास के माध्यम से ही इस पूरे मामले का स्थायी समाधान निकाला जा सकता है।
परीक्षा प्रणाली में बड़े बदलाव का भरोसा
छात्रों की ओर से प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर उठाई जा रही मांगों के बीच मुख्यमंत्री ने परीक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार का आश्वासन दिया।उन्होंने कहा कि हाल के दिनों में सामने आई गड़बड़ियों को सरकार ने गंभीरता से लिया है। दोषी व्यक्ति कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी और किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा।मुख्यमंत्री के मुताबिक सरकार परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी, तकनीक-सक्षम, सुरक्षित और जवाबदेह बनाने की दिशा में काम कर रही है। इसका उद्देश्य भविष्य में युवाओं को परीक्षा संबंधी अनियमितताओं और परेशानियों से बचाना है।
परीक्षा व्यवस्था में बदलाव में छात्रों की भागीदारी अहम
हेमंत सोरेन ने कहा कि व्यवस्था में मौजूद कमियों को दूर करने के लिए किए जा रहे बदलाव में छात्रों की भागीदारी महत्वपूर्ण होगी। सरकार की कोशिश ऐसी व्यवस्था तैयार करने की है, जिसमें परीक्षाओं की निष्पक्षता और पारदर्शिता को मजबूत किया जा सके।
विपक्ष पर मुख्यमंत्री का हमला
छात्र आंदोलन के दौरान हुए राजनीतिक घटनाक्रमों को लेकर मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों के शांतिपूर्ण प्रदर्शन के बीच कुछ राजनीतिक तत्वों ने अपने स्वार्थ के लिए माहौल बिगाड़ने और युवाओं को भटकाने का प्रयास किया।मुख्यमंत्री ने युवाओं से अपील की कि वे किसी भी प्रायोजित राजनीतिक नैरेटिव या बहकावे में न आएं। उन्होंने छात्रों को झारखंड का भविष्य बताते हुए अपने हितों और राज्य के भविष्य को ध्यान में रखकर निर्णय लेने की अपील की।
संवाद और विश्वास से समाधान की अपील
मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में कहा कि झारखंड को केवल समस्याओं पर चर्चा करने वाला राज्य नहीं, बल्कि समाधान की नई मिसाल पेश करने वाला प्रदेश बनाना है।उन्होंने सभी छात्र संगठनों और युवाओं से संवाद एवं आपसी विश्वास बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि मिलकर इस मुद्दे का स्थायी समाधान निकाला जा सकता है।



