
सतना: मध्य प्रदेश के सतना जिले में रामपुर बघेलान थाना क्षेत्र के अंतर्गत नेमुआ मोड़ पर बुधवार सुबह एक हृदयविदारक सड़क हादसा हुआ। सतना से रीवा की ओर जा रहा लोहे के सरियों से लदा एक तेज रफ्तार ट्रक अनियंत्रित होकर गहरी नहर में जा गिरा। इस दुर्घटना में ट्रक सवार तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई।
गैस कटर से काटनी पड़ी ट्रक की बॉडी
हादसा इतना भयावह था कि ट्रक का केबिन मलबे और लोहे के सरियों के नीचे पूरी तरह पिचक गया था। शवों को निकालने के लिए प्रशासन को भारी मशक्कत करनी पड़ी। रामपुर बघेलान थाना प्रभारी संदीप चतुर्वेदी की टीम ने क्रेन की मदद से पहले ट्रक को सीधा कराया। शव लोहे के जाल में इस कदर फंसे थे कि उन्हें निकालने के लिए गैस कटर मशीन बुलानी पड़ी। करीब 4 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद ट्रक की बॉडी काटकर लाशें बाहर निकाली जा सकीं।
मृतकों की पहचान
हादसे में जान गंवाने वाले तीन लोगों में से दो की शिनाख्त हो गई है, जो पड़ोसी जिले मैहर के रहने वाले थे।
दिलीप केवट: पिता राजेश केवट, निवासी- पडरी (मैहर)।
विष्णु केवट: पिता माखनलाल केवट, निवासी- रामगढ़ (मैहर)।
तीसरा मृतक: तीसरे व्यक्ति (संभवतः मजदूर) की पहचान अभी तक नहीं हो पाई है। पुलिस शिनाख्त के प्रयास कर रही है।
हाईवे पर 5 घंटे तक लगा रहा जाम
सुबह करीब 8 बजे हुई इस घटना के बाद नेशनल हाईवे 39 पर वाहनों के पहिए थम गए।सतना-रीवा मार्ग पर सैकड़ों ग्रामीणों की भीड़ और बचाव कार्य के चलते लंबा जाम लग गया।एडिशनल एसपी और तहसीलदार सुजीत नागेश ने मौके पर पहुंचकर राहत कार्य का जायजा लिया। करीब 5 घंटे बाद क्षतिग्रस्त वाहन को हटाकर यातायात सुचारू कराया गया।
क्या रही हादसे की वजह?
प्रारंभिक जांच में पुलिस दो बिंदुओं पर फोकस कर रही है। अंदेशा है कि अलसुबह चालक को नींद आने के कारण ट्रक बेकाबू हुआ। स्टेयरिंग फेल होने की संभावना से भी इनकार नहीं किया जा सकता।ट्रक में लदे भारी सरियों ने केबिन पर इतना दबाव बनाया कि केबिन के परखच्चे उड़ गए और अंदर सवार लोगों को संभलने का मौका तक नहीं मिला।



