
सीतापुर। उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले से एक बेहद दर्दनाक और सनसनीखेज मामला सामने आया है। संदना थाना क्षेत्र से पिछले 12 दिनों से लापता बीएससी की छात्रा का कंकाल शनिवार को लखनऊ के बख्शी का तालाब अंतर्गत महिपतपुर के जंगलों से बरामद हुआ है। शव को जंगली जानवरों ने क्षत-विक्षत कर दिया था। मृतका की पहचान पास में पड़े उसके कपड़ों और चप्पलों से हुई। पुलिस ने मुख्य आरोपी (छात्रा की सहेली के भाई) की निशानदेही पर यह कंकाल बरामद किया है। इस घटना के बाद से मृतका के परिवार में कोहराम मचा हुआ है।
25 मई को कॉलेज जाने के बाद से थी लापता
संदना निवासी महेश कुमार के मुताबिक, उनकी 20 वर्षीय बेटी मांसी बीएससी की छात्रा थी। बीते 25 मई को वह रोज की तरह कॉलेज गई थी, लेकिन देर शाम तक वापस घर नहीं लौटी। परिजनों ने अपनी स्तर पर सगे-संबंधियों और कॉलेज में काफी खोजबीन की, लेकिन मांसी का कोई सुराग नहीं मिला।
सहेली और उसके भाई पर अपहरण का आरोप
काफी तलाश करने के बाद पीड़ित पिता महेश ने संदना के सरैया निवासी विशाल पाल और उसकी बहन शिवानी पाल (जो मांसी की सहेली थी) के खिलाफ अपहरण की नामजद तहरीर दी। पिता का गंभीर आरोप है कि लिखित शिकायत देने के बावजूद संदना पुलिस ने तीन दिनों तक कोई कार्रवाई नहीं की और 28 मई को जाकर मुकदमा दर्ज किया। आरोप यह भी है कि पुलिस ने मुख्य आरोपी विशाल को हिरासत में लेकर पूछताछ तो की, लेकिन बाद में उसे आसानी से छोड़ दिया।
इंसाफ के लिए 5 दिन धरने पर बैठा रहा परिवार
पुलिस की इस सुस्त और लचर कार्रवाई से तंग आकर मृतका के परिजन और सैकड़ों ग्रामीण 1 जून से संदना में धरने पर बैठ गए। 5 दिनों तक चले इस उग्र प्रदर्शन के बाद शुक्रवार को पुलिस के आला अधिकारी मौके पर पहुंचे और एक-दो दिनों में बेटी को सकुशल बरामद करने का आश्वासन देकर धरना खत्म कराया। इसके बाद हरकत में आई पुलिस ने जब आरोपी विशाल पाल को दोबारा उठाकर कड़ाई से पूछताछ की, तो उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
लखनऊ के बीकेटी जंगल में मिला कंकाल
शनिवार सुबह संदना पुलिस आरोपी विशाल पाल की निशानदेही पर परिजनों को लेकर लखनऊ के बीकेटी स्थित महिपतपुर के जंगल पहुंची। जंगल के भीतर मांसी का कंकाल पड़ा हुआ था। बेटी का कंकाल देखते ही माता-पिता के होश उड़ गए और उनका रो-रोकर बुरा हाल है। पिता का रोते हुए कहना है कि अगर संदना पुलिस ने तहरीर मिलते ही पहले दिन ठोस एक्शन लिया होता, तो आज उनकी बेटी जिंदा होती।
क्या कहती है पुलिस?
इस पूरे मामले पर संदना थाना प्रभारी ने बताया कि आरोपी विशाल पाल की निशानदेही पर ही मांसी के कंकाल को बरामद कर शिनाख्त कराई गई है। मुख्य आरोपी को हिरासत में लेकर गहन पूछताछ की जा रही है। शव के अवशेषों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों और समय का स्पष्ट पता चल सकेगा। पुलिस ऑनर किलिंग, प्रेम प्रसंग और रंजिश समेत कई अन्य पहलुओं पर बारीकी से जांच कर रही है।



