Jharkhand: जमशेदपुर में 13वें राष्ट्रीय हस्तकरघा दिवस समारोह में बोले राज्यपाल, हस्तकरघा हमारी संस्कृति और आत्मनिर्भरता का प्रतीक

जमशेदपुर। वीवर्स डेवलपमेंट एंड रिसर्च ऑर्गेनाइजेशन की ओर से शुक्रवार को माइकल जॉन ऑडिटोरियम में 13वें राष्ट्रीय हस्तकरघा दिवस का भव्य आयोजन किया गया। समारोह में झारखंड के राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
‘हस्तकरघा हमारी सांस्कृतिक पहचान का प्रतीक’
समारोह को संबोधित करते हुए राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने कहा कि राष्ट्रीय हस्तकरघा दिवस केवल एक उत्सव नहीं, बल्कि उन लाखों बुनकरों की मेहनत, आत्मसम्मान और समर्पण को नमन करने का अवसर है, जिन्होंने सदियों से अपनी सांस्कृतिक पहचान को अपने हाथों से बुना है।उन्होंने कहा कि भारत में हस्तकरघा केवल वस्त्र निर्माण का माध्यम नहीं, बल्कि यह देश की सभ्यता, संस्कृति और आत्मनिर्भरता का जीवंत प्रतीक है।
पांच बुनकरों को किया सम्मानित
कार्यक्रम के दौरान राज्यपाल ने उत्कृष्ट कार्य करने वाले पांच चयनित बुनकरों को उपहार देकर सम्मानित किया और उनके योगदान की सराहना की।
इन वक्ताओं ने भी रखे अपने विचार
समारोह को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के क्षेत्रीय संपर्क प्रमुख अनिल ठाकुर, खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग के पूर्व सदस्य मनोज सिंह तथा आनंद साहू ने भी संबोधित किया।कार्यक्रम की अध्यक्षता एवं संचालन वीवर्स डेवलपमेंट एंड रिसर्च ऑर्गेनाइजेशन के अध्यक्ष विजय कुमार भारती ने किया, जबकि आशुतोष राय ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया।



