Bihar: भोजपुर में बनास नदी में डूबे छह बच्चे, चार को बचाया; दो लापता, तलाश में जुटी एसडीआरएफ

भोजपुर: बिहार के भोजपुर जिले के गड़हनी थाना क्षेत्र में शनिवार दोपहर बड़ा हादसा हो गया। धमनियां शांतिनगर के सामने बनास नदी में नहाने के दौरान छह बच्चे पानी के तेज बहाव में बह गए। इनमें से चार बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जबकि दो बच्चे देर शाम तक लापता थे। उनकी तलाश के लिए राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल की टीम ने नदी में सर्च ऑपरेशन शुरू किया।लापता बच्चों की पहचान शांतिनगर निवासी चंदन केशरी के सात वर्षीय पुत्र हिमांशु कुमार और रविंद्र केशरी उर्फ मैनी के 10 वर्षीय पुत्र मोनू कुमार के रूप में हुई है। घटना के बाद दोनों बच्चों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
बच्चों की चीख सुनकर गोलू ने नदी में लगाई छलांग
जानकारी के अनुसार, शनिवार दोपहर करीब तीन बजे छह बच्चे बनास नदी में नहा रहे थे। इसी दौरान वे पानी के तेज बहाव की चपेट में आ गए और बहने लगे। बच्चों की चीख-पुकार सुनकर शांतिनगर निवासी गोलू ने नदी में छलांग लगा दी।गोलू ने साहस दिखाते हुए चार बच्चों—गोलू, प्रशांत, संतोषी कुमारी और प्रिया कुमारी—को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। हालांकि, हिमांशु और मोनू तेज धारा में बह गए और उनका पता नहीं चल सका। बच्चों को बचाने के गोलू के प्रयास की ग्रामीणों के बीच चर्चा रही।
एसडीआरएफ के पहुंचने में देरी पर ग्रामीणों ने किया हाईवे जाम
हादसे के बाद ग्रामीणों ने लापता बच्चों की तलाश के लिए प्रशासन से एसडीआरएफ की टीम बुलाने की मांग की। ग्रामीणों का कहना था कि करीब तीन घंटे बीत जाने के बाद भी टीम मौके पर नहीं पहुंची।इससे नाराज लोगों ने गड़हनी सब्जी बाजार के पास आरा-सासाराम स्टेट हाईवे जाम कर दिया। इस दौरान पुलिस और प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताई गई। सड़क जाम होने से आवागमन भी प्रभावित हुआ।बाद में एसडीआरएफ की टीम मौके पर पहुंची, जिसके बाद ग्रामीणों ने जाम समाप्त कर दिया।
शाम 6:15 बजे शुरू हुई लापता बच्चों की तलाश
जानकारी के मुताबिक, शाम करीब 6:15 बजे एसडीआरएफ की टीम बनास नदी में उतरी और दोनों लापता बच्चों की तलाश शुरू की। देर शाम तक खोजबीन जारी थी।उधर, दो बच्चों के लापता होने की खबर से शांतिनगर और आसपास के गांवों में चिंता का माहौल रहा। बड़ी संख्या में ग्रामीण नदी किनारे जुटे रहे और बच्चों के सुरक्षित मिलने की उम्मीद करते रहे।



