बदायूं: बिहार में करीब 19,200 कारतूसों की तस्करी के मामले की जांच अब उत्तर प्रदेश के बदायूं तक पहुंच गई है। मंगलवार को बिहार पुलिस की टीम कारतूसों की सप्लाई के स्रोत का पता लगाने बदायूं पहुंची। यहां रोडवेज बस स्टैंड के पास स्थित बदायूं गन हाउस में छापेमारी कर जांच की जा रही है। गन हाउस के संचालक गुड्डू गाजी से पूछताछ भी की जा रही है।बदायूं के एएसपी सुमेध मिलिंद जाधव के नेतृत्व में पुलिस टीम गन हाउस में जांच कर रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि बिहार में बरामद कारतूस कहां से खरीदे गए थे और इस अवैध तस्करी नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल हैं।
भोजपुर में 19,200 कारतूसों के साथ तीन तस्कर गिरफ्तार
दरअसल, बिहार के भोजपुर जिले में सोमवार को पटना एसटीएफ और भोजपुर पुलिस की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई की थी। टीम ने कोईलवर थाना क्षेत्र में आरा-पटना राष्ट्रीय राजमार्ग पर छापेमारी कर तीन अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया था।पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से अलग-अलग बोर के करीब 19,200 कारतूस, एक पिस्टल और मैगजीन बरामद की थी। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सारस कुमार, लल्टू कुमार और चंदन तिवारी के रूप में हुई है।
बदायूं से बिहार के कई जिलों में भेजी जानी थी कारतूसों की खेप
बिहार पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि कारतूसों की खेप उत्तर प्रदेश के बदायूं से बिहार ले जाई जा रही थी। इन्हें मुजफ्फरपुर, सीवान, सुपौल और दरभंगा समेत बिहार के कई जिलों में पहुंचाया जाना था।इसी कड़ी में बिहार पुलिस बदायूं पहुंची है। गन हाउस में छापेमारी और संचालक से पूछताछ के जरिए पुलिस कारतूसों की खरीद-बिक्री से जुड़े लोगों की जानकारी जुटा रही है। जांच का उद्देश्य तस्करी के पूरे नेटवर्क और इसमें शामिल अन्य लोगों का पता लगाना है।
