Uttar Pradesh:आगरा के सुभाष बाजार में दो मंजिला कपड़े की दुकान ढही, मलबे में दबे लोग

आगरा। उत्तर प्रदेश के आगरा शहर के व्यस्त सुभाष बाजार में बुधवार दोपहर बारिश के दौरान बड़ा हादसा हो गया। मंटोला थाना क्षेत्र स्थित एक पुरानी दो मंजिला कपड़े की दुकान अचानक भरभराकर ढह गई। हादसे के समय दुकान के अंदर कर्मचारी और ग्राहक मौजूद थे, जो मलबे में दब गए। राहत एवं बचाव अभियान के दौरान चार लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जबकि देर शाम तक एक महिला की तलाश जारी रही।

खरीदारी के दौरान अचानक ढही इमारत

स्थानीय लोगों के अनुसार, केदार नगर निवासी दिलीप की राधा स्वामी क्लॉथ स्टोर नाम से कपड़े की दुकान सुभाष बाजार में संचालित होती है। बुधवार दोपहर करीब 2:30 बजे दिलीप दुकान के बाहर बैठे थे, जबकि कर्मचारी अंदर काम कर रहे थे और कुछ ग्राहक खरीदारी कर रहे थे। इसी दौरान पूरी दो मंजिला इमारत अचानक ढह गई, जिससे अफरा-तफरी मच गई।

एसडीआरएफ, फायर ब्रिगेड और पुलिस ने चलाया रेस्क्यू ऑपरेशन

घटना की सूचना मिलते ही एसडीआरएफ, फायर ब्रिगेड, पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंच गईं। बचाव दल और स्थानीय लोगों ने संयुक्त अभियान चलाकर मलबे में दबे चार लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला। सभी घायलों को उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया।

महिला सिपाही और बेटी सुरक्षित, मां की तलाश जारी

हादसे के समय महिला सिपाही अनीता अपनी मां गंगा देवी और बेटी के साथ खरीदारी करने दुकान पहुंची थीं। हादसे में तीनों मलबे में दब गईं। राहत दल ने अनीता और उनकी बेटी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, लेकिन गंगा देवी देर शाम तक लापता रहीं।महिला की तलाश के लिए दमकल विभाग की मल्टी डिजास्टर रिस्पांस व्हीकल की मदद से मलबा हटाने का काम लगातार जारी रहा।

जिलाधिकारी ने दिए जांच के आदेश

घटना की जानकारी मिलते ही जिलाधिकारी मनीष बंसल मौके पर पहुंचे। उन्होंने बताया कि यह काफी पुरानी इमारत थी, जिसका निर्माण नगर निगम द्वारा कराया गया था।उन्होंने कहा कि फिलहाल प्रशासन की प्राथमिकता मलबे में फंसी महिला को सुरक्षित बाहर निकालना है। इसके बाद हादसे के कारणों की जांच कराई जाएगी। साथ ही यह भी जांच होगी कि भवन नाले पर निर्मित था या नहीं तथा उसकी संरचनात्मक स्थिति कैसी थी।

पुरानी इमारतों की सुरक्षा पर उठे सवाल

बुधवार सुबह से हो रही लगातार बारिश के बीच हुए इस हादसे ने सुभाष बाजार के व्यापारियों और स्थानीय लोगों में दहशत पैदा कर दी है। घटना के बाद शहर की जर्जर इमारतों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। प्रशासन ने आसपास के पुराने भवनों का भी निरीक्षण कराने के संकेत दिए हैं।

Exit mobile version