Delhi: दिल्ली-एनसीआर में मौसम का यू-टर्न,81 किमी/घंटे की रफ्तार से चली आंधी

नई दिल्ली: दिल्ली-एनसीआर में शनिवार की सुबह एक बेहद सुहाने और चौंकाने वाले बदलाव के साथ शुरू हुई। पिछले कई दिनों से लू का टॉर्चर झेल रहे दिल्ली के लोगों के लिए सुबह अचानक आई तेज हवाओं और झमाझम बारिश ने मौसम को पूरी तरह बदल दिया है। तेज आंधी-तूफान के कारण जहां तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है, वहीं पूरी दिल्ली इस वक्त धूल भरी आंधी और बारिश की चपेट में है।मौसम में आए इस अचानक बदलाव के कारण सड़कों पर वाहनों की रफ्तार थम गई है और मौसम विभाग ने अगले कुछ घंटों के लिए दिल्ली-एनसीआर के लिए ‘ऑरेंज अलर्ट’ जारी कर दिया है।
पूसा में रिकॉर्ड 81 किमी/घंटे की रफ्तार से आया तूफान
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार, शनिवार सुबह दिल्ली के अलग-अलग पॉकेट्स में हवा की रफ्तार इतनी तेज थी कि कई जगहों पर पेड़ और होर्डिंग्स गिरने की भी आशंका जताई जा रही है: नई दिल्ली के पूसा इलाके में हवा की रफ्तार सबसे ज्यादा 81 किलोमीटर प्रति घंटा दर्ज की गई, जिसने धूल की एक मोटी चादर खड़ी कर दी। इसके अलावा पालम इलाके में हवा की गति 56 किमी/घंटा और प्रगति मैदान व मध्य दिल्ली के आस-पास 35 किमी/घंटा की रफ्तार से आंधी चली।
दिन में छाया अंधेरा, विजिबिलिटी घटकर रह गई आधी
तेज अंधड़ और धूल भरे तूफान के कारण सुबह-सुबह दफ्तर और जरूरी कामों से निकले लोगों को हेडलाइट्स जलानी पड़ीं। तूफान का असर दिल्ली के पालम और सफदरजंग हवाई अड्डों की उड़ानों पर भी देखने को मिल सकता है: मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, सुबह 7:30 बजे जहां दिल्ली की विजिबिलिटी (दृश्यता) करीब 3500 मीटर थी, वह धूल भरी आंधी और तूफान के कारण अचानक घटकर मात्र 1500 मीटर रह गई। इसके कारण सड़कों पर दृश्यता काफी कम हो गई है।
मौसम विभाग का ‘ऑरेंज अलर्ट’: अगले 2 घंटे बेहद संवेदनशील
भारतीय मौसम विभाग ने तात्कालिक पूर्वानुमान जारी करते हुए दिल्ली-एनसीआर के लोगों से घरों में रहने की अपील की है। अगले 2 घंटों के दौरान दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद के कई स्थानों पर मध्यम से तीव्र गरज-चमक वाला तूफान जारी रहेगा। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, इस दौरान बारिश और गरज के साथ-साथ 60 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से धूल भरी आंधियां चलती रहेंगी।
एडवाइजरी: प्रशासन ने लोगों को सलाह दी है कि वे आंधी-तूफान के दौरान कमजोर इमारतों, पेड़ों और बिजली के खंभों के नीचे शरण लेने से बचें और सुरक्षित स्थानों पर रहें। इस बारिश ने निश्चित रूप से दिल्ली की जानलेवा गर्मी पर फिलहाल ब्रेक लगा दिया है।



