लखनऊ : सिराथू से विधायक और अपना दल (कमेरावादी) की नेता पल्लवी पटेल के खिलाफ लखनऊ के चारबाग रेलवे स्टेशन पर किए गए हंगामेदार प्रदर्शन के बाद एफआईआर दर्ज की गई है। पल्लवी पटेल ने शनिवार सुबह केंद्र सरकार की शिक्षा नीतियों और यूजीसी के नियमों के विरोध में कार्यकर्ताओं के साथ प्लेटफॉर्म पर उतरकर रेल परिचालन बाधित किया था।
रेलवे एक्ट की गंभीर धाराओं में केस
आरपीएफ ने विधायक पल्लवी पटेल और उनके करीब 350 अज्ञात समर्थकों के खिलाफ रेलवे एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है।उनके विरुद्ध रेलवे एक्ट की धारा 147 (अवैध प्रवेश), 145 (उपद्रव) और 156 (रेलवे कार्य में बाधा) के तहत केस दर्ज किया गया है।विधायक पर समर्थकों के साथ प्लेटफॉर्म नंबर-1 पर अनाधिकृत रूप से घुसने, रेलवे ट्रैक पर उतरने और एक रेलवे निरीक्षण वाहन (इंजन) पर चढ़कर नारेबाजी करने का आरोप है।
‘यूजीसी इक्विटी रेगुलेशन 2026’ को लेकर था प्रदर्शन
पल्लवी पटेल और अपना दल (कमेरावादी) के कार्यकर्ता यूजीसी इक्विटी रेगुलेशन 2026 को तत्काल लागू करने की मांग कर रहे थे। दोपहर करीब 1:16 बजे कार्यकर्ता हाथों में झंडे और बैनर लेकर एस्केलेटर के रास्ते प्लेटफॉर्म-1 पर पहुंच गए। पल्लवी पटेल के ट्रैक पर उतरने से रेल परिचालन में बाधा आई। इसके बाद सिविल पुलिस और आरपीएफ के जवानों ने काफी मशक्कत के बाद उन्हें स्टेशन परिसर से बाहर निकाला।
“अवैध और असंवैधानिक कृत्य”
आरपीएफ ने अपने बयान में कहा कि विधायक और उनके समर्थकों द्वारा किया गया यह कृत्य पूरी तरह से असंवैधानिक और दंडनीय अपराध है।इस मुकदमे की कमान उप निरीक्षक लक्ष्मी सिंह को सौंपी गई है, जो प्रदर्शन के वीडियो फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की जांच करेंगी। उल्लेखनीय है कि जिस यूजीसी नियम को लागू करने की मांग को लेकर यह प्रदर्शन हुआ, उस पर वर्तमान में सुप्रीम कोर्ट ने रोक लगा रखी है।
गिरफ्तारी पर पुलिस का बयान
पुलिस के अनुसार, मौके पर भारी भीड़ और कानून व्यवस्था की संवेदनशीलता को देखते हुए उस वक्त गिरफ्तारी संभव नहीं हो पाई थी, लेकिन एफआईआर दर्ज होने के बाद अब कानूनी प्रक्रिया के तहत कार्रवाई की जाएगी।
