रांची: जेपीएससी -जेएसएससी समेत प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित गड़बड़ी को लेकर चल रहे छात्र आंदोलन के बीच सरकार और छात्रों के बीच तीसरे दौर की बातचीत शुरू हो गई है। छात्र प्रतिनिधिमंडल रांची स्थित स्टेट गेस्ट हाउस पहुंचा है, जहां चार मंत्रियों के दल के साथ उनकी बातचीत चल रही है।वार्ता को देखते हुए स्टेट गेस्ट हाउस के बाहर सुरक्षा व्यवस्था भी बढ़ा दी गई है और बड़ी संख्या में सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है।
जेपीएससी -जेएसएससी न्याय मंच का प्रतिनिधिमंडल वार्ता में शामिल
सरकार के साथ बातचीत के लिए जेपीएससी -जेएसएससी न्याय मंच की ओर से छात्र प्रतिनिधिमंडल शामिल हुआ है।प्रतिनिधिमंडल में शामिल छात्र नेताओं चंदन कुमार — छात्र नेता सह शोधार्थी,दीनबंधु मंडल,इकबाल हुसैन,रवि शंकर,प्रेम कुमार और रामा अवतार महतो शामिल है। छात्र प्रतिनिधिमंडल अपनी प्रमुख मांगों को सरकार के सामने रख रहा है।
आंदोलन का 16वां दिन, कई छात्र भूख हड़ताल पर
जेपीएससी -जेएसएससी में कथित अनियमितताओं के खिलाफ छात्रों का आंदोलन 16वें दिन भी जारी है। आंदोलन में शामिल कई छात्र भूख हड़ताल पर हैं।छात्रों की प्रमुख मांगों में जेपीएससी -जेएसएससी की कथित विवादित परीक्षाओं को रद्द करना और जिन परीक्षाओं में गड़बड़ी के आरोप लगे हैं, उनकी सीबीआई जांच कराना शामिल है।छात्र संगठनों का कहना है कि भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करना जरूरी है।
दो दौर की बातचीत के बाद अब तीसरी वार्ता
आंदोलन को लेकर सरकार और छात्रों के बीच इससे पहले दो दौर की बातचीत हो चुकी है। इसके अलावा अलग-अलग छात्र संगठनों ने भी सरकार को अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन और प्रस्ताव सौंपे हैं।हालांकि, इन बैठकों के बावजूद अभी तक कोई अंतिम समाधान नहीं निकल पाया है। इसी वजह से अब सरकार और छात्रों के बीच तीसरे दौर की बातचीत हो रही है।छात्रों को उम्मीद है कि इस बार सरकार उनकी प्रमुख मांगों पर सकारात्मक निर्णय ले सकती है।
मांगें नहीं मानी गईं तो 10 अगस्त को विधानसभा घेराव
छात्रों ने सरकार के सामने अपनी मांगों को लेकर स्पष्ट रुख रखा है। उनका कहना है कि यदि आज की बातचीत में उनकी मांगों पर सहमति नहीं बनती है तो 10 अगस्त को विधानसभा घेराव किया जाएगा।आंदोलनकारी छात्रों का कहना है कि वे परीक्षा प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच और भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता चाहते हैं।
छात्र आंदोलन को विपक्ष का भी समर्थन
जेपीएससी -जेएसएससी के मुद्दे पर चल रहे छात्र आंदोलन को विभिन्न छात्र संगठनों के साथ-साथ विपक्षी दलों का भी समर्थन मिलने का दावा किया जा रहा है।अब सभी की नजरें सरकार और छात्र प्रतिनिधियों के बीच चल रही तीसरे दौर की बातचीत के नतीजे पर टिकी हैं। यदि वार्ता से समाधान नहीं निकलता है तो 10 अगस्त को प्रस्तावित विधानसभा घेराव से आंदोलन और तेज हो सकता है।
