Jharkhand: धनबाद में प्रिंस खान गैंग पर बड़ी रंगदारी मांग का आरोप, कारोबारी से 5 करोड़ और हर माह 20 लाख की डिमांड

धनबाद: कुख्यात अपराधी प्रिंस खान और उसके गिरोह के खिलाफ राष्ट्रीय जांच एजेंसी तथा धनबाद पुलिस की संयुक्त कार्रवाई के बीच रंगदारी मांगने का एक और गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि प्रिंस खान गैंग ने एक बड़े कारोबारी से 5 करोड़ रुपये एकमुश्त और हर महीने 20 लाख रुपये देने की मांग की।जांच एजेंसियां गिरोह के नेटवर्क, आर्थिक स्रोतों और सहयोगियों की पहचान करने में जुटी हैं। सामने आए नए मामले में डिजिटल माध्यम से रंगदारी मांगने की बात कही जा रही है।
कारोबारी तक सीधे पहुंच नहीं होने पर साझेदार को भेजा व्हाट्सप्प संदेश
जानकारी के मुताबिक, अंकुर बायोकेम के मालिक महेंद्र शर्मा तक सीधे संपर्क नहीं होने के कारण गिरोह ने उनके कारोबारी साझेदार एस. साहू को व्हाट्सप्प के जरिए संदेश भेजा।बताया जा रहा है कि संदेश में एकमुश्त 5 करोड़ रुपये और इसके बाद प्रत्येक महीने 20 लाख रुपये देने की मांग की गई। हालांकि, इस बार कथित तौर पर गिरोह की भाषा पहले की तुलना में अपेक्षाकृत नरम थी।जांच एजेंसियां इसे जबरन वसूली की कथित कोशिश के तौर पर देख रही हैं।
धमकी की जगह ‘सहयोग’ के नाम पर रकम मांगने की रणनीति?
सूत्रों के अनुसार, प्रिंस खान को अपनी गतिविधियों पर बढ़ती निगरानी और संभावित कार्रवाई की जानकारी होने की आशंका है। ऐसे में सीधे धमकी देने के बजाय कथित तौर पर ‘सहयोग’ के नाम पर आर्थिक लाभ हासिल करने की रणनीति अपनाई गई।हालांकि, इस दावे की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।
मोबाइल नंबर और डिजिटल माध्यम की जांच
जांच एजेंसियां व्हाट्सप्प पर भेजे गए संदेश के पीछे इस्तेमाल किए गए मोबाइल नंबर, डिजिटल माध्यम और तकनीकी साक्ष्यों की जांच कर रही हैं।एजेंसियां यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि संदेश किस डिवाइस और नेटवर्क से भेजा गया तथा इसके पीछे कौन-कौन लोग शामिल हैं।
दिसंबर 2025 के ऑडियो प्रकरण से भी जोड़ा जा रहा मामला
जांच के दौरान पुलिस को दिसंबर 2025 में सामने आए एक कथित ऑडियो प्रकरण से भी समानताएं मिली हैं। उस मामले में भी करोड़ों रुपये की रंगदारी मांगने की बात सामने आई थी।अब डिजिटल फोरेंसिक टीम पुराने और नए मामलों के बीच संभावित कनेक्शन की जांच कर रही है।
अंकुर स्टील के बड़े निवेश के ऐलान के बाद बढ़ी संवेदनशीलता
हाल ही में बिहार बिजनेस कनेक्ट कार्यक्रम में अंकुर स्टील की ओर से हजारों करोड़ रुपये के निवेश की घोषणा किए जाने के बाद इस मामले को और संवेदनशील माना जा रहा है।बताया गया है कि प्रशासन ने कारोबारी की सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी है और अतिरिक्त सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की गई है।
डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर होगी आगे की कार्रवाई
पुलिस और जांच एजेंसियां मामले में सामने आए डिजिटल और तकनीकी साक्ष्यों को जुटाने में लगी हैं। इन्हीं साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।यदि रंगदारी और ब्लैकमेल से जुड़े आरोप जांच में साबित होते हैं तो आरोपियों के खिलाफ कानून के तहत कड़ी कार्रवाई की जा सकती है।



