Jharkhand: स्वतंत्रता दिवस पर सीएम हेमंत सोरेन ने मोरहाबादी मैदान में फहराया तिरंगा, बोले- पारदर्शी होगी भर्ती परीक्षा प्रणाली

रांची। स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर शनिवार सुबह रांची के ऐतिहासिक मोरहाबादी मैदान में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने ध्वजारोहण किया। इसके बाद उन्होंने परेड का निरीक्षण कर राज्यवासियों को संबोधित किया। इस दौरान मैदान देशभक्ति के नारों और राष्ट्रीय ध्वज से सराबोर नजर आया।परेड में फर्स्ट इन कमांड 2022 बैच के आईपीएस अधिकारी राघवेंद्र शर्मा और सेकंड इन कमांड अनिश मोमित रहे।

स्वतंत्रता सेनानियों और झारखंड के अमर नायकों को किया नमन

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने अपने संबोधन की शुरुआत राष्ट्रपिता महात्मा गांधी, नेताजी सुभाष चंद्र बोस, भगत सिंह, चंद्रशेखर आजाद और डॉ. भीमराव आंबेडकर सहित देश के तमाम स्वतंत्रता सेनानियों को श्रद्धांजलि अर्पित करके की।उन्होंने झारखंड की धरती के अमर नायकों भगवान बिरसा मुंडा, सिद्धू-कानू, चांद-भैरव, तिलका मांझी, फूलो-झानो, नीलांबर-पीतांबर और शेख भिखारी को भी नमन किया।मुख्यमंत्री ने दिशोम गुरु शिबू सोरेन के संघर्षों को याद करते हुए कहा कि उनका पूरा जीवन जल, जंगल, जमीन और आदिवासी अस्मिता की रक्षा के लिए समर्पित रहा है।उन्होंने कहा कि भारत अपनी स्वतंत्रता की 80वीं वर्षगांठ मना रहा है और झारखंड अपने गठन के 25वें वर्ष में प्रवेश कर रहा है। यह राज्य के लिए नए संकल्प और नई दिशा तय करने का महत्वपूर्ण समय है।

पर्यावरण और सतत विकास में झारखंड को वैश्विक उदाहरण बनाने का लक्ष्य

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज पूरी दुनिया जलवायु परिवर्तन और पर्यावरण संरक्षण की चुनौती का समाधान तलाश रही है, जबकि झारखंड की सभ्यता सदियों से प्रकृति के साथ संतुलन बनाकर चलने की परंपरा पर आधारित रही है।उन्होंने कहा कि झारखंड सिर्फ एक राज्य नहीं, बल्कि भारत की आदिवासी चेतना का केंद्र है। सरकार का लक्ष्य है कि झारखंड की पहचान केवल खनिज संपदा के दोहन से न हो, बल्कि सतत विकास, पारंपरिक ज्ञान और सामाजिक न्याय पर आधारित मॉडल के रूप में बने।

लाह, तसर और लघु वनोपज से मजबूत होगी ग्रामीण अर्थव्यवस्था

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार लाह, तसर, औषधीय पौधों और लघु वनोपज जैसी पारंपरिक आजीविका को आधुनिक बाजार से जोड़ने की दिशा में काम कर रही है।इसके लिए वैल्यू एडिशन, ब्रांडिंग और आधुनिक मार्केटिंग को बढ़ावा दिया जाएगा, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लाखों परिवारों की आय बढ़ाई जा सके।उन्होंने कहा कि ग्राम सभा, स्थानीय ज्ञान और आधुनिक तकनीक को एक साथ जोड़कर विकास का नया ढांचा तैयार किया जाएगा।

जेपीएससी -जेएसएससी परीक्षा पर सीएम का बड़ा संदेश, युवाओं से किया पारदर्शिता का वादा

स्वतंत्रता दिवस समारोह में मुख्यमंत्री ने हाल के दिनों में भर्ती परीक्षाओं को लेकर उठे सवालों पर युवाओं को सीधा संदेश दिया। उन्होंने कहा कि देश के कई हिस्सों में पेपर लीक की घटनाएं सामने आई हैं, लेकिन दूसरे राज्यों में क्या हुआ, इससे झारखंड की जिम्मेदारी कम नहीं होती।उन्होंने कहा कि सरकार भर्ती परीक्षाओं में कड़े सुधार और समयबद्ध व्यवस्था लागू करेगी।

वार्षिक परीक्षा कैलेंडर और जल्द जारी होगी उत्तर कुंजी

मुख्यमंत्री ने कहा कि जेपीएससी और अन्य भर्ती एजेंसियों के माध्यम से बड़े पैमाने पर नियुक्तियां समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से की जाएंगी।सरकार की ओर से वार्षिक परीक्षा कैलेंडर, ओएमआर शीट और उत्तर कुंजी को जल्द उपलब्ध कराने की व्यवस्था पर जोर दिया जाएगा।

भ्रष्टाचार और अनियमितता बर्दाश्त नहीं होगी

हेमंत सोरेन ने स्पष्ट कहा कि किसी भी भ्रष्ट तंत्र या अनियमितता को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि बिना प्रमाण के किसी व्यक्ति को दोषी ठहराने की राजनीति नहीं की जानी चाहिए।

‘छात्रों की बात छात्रों के साथ’ अभियान शुरू

परीक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता और सुधार के लिए सरकार ने ‘छात्रों की बात छात्रों के साथ’ अभियान शुरू किया है। इसके तहत विद्यार्थियों, शिक्षकों और विशेषज्ञों से सुझाव लिए जाएंगे और नियमानुसार आवश्यक बदलाव किए जाएंगे।मुख्यमंत्री ने युवाओं को भरोसा दिलाया कि उनकी मेहनत और भविष्य की सुरक्षा सरकार की प्राथमिकता है।

सिर्फ सरकारी नौकरी नहीं, रोजगार के नए अवसरों पर फोकस

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य केवल खाली सरकारी पदों को भरना नहीं है। इसके साथ ही एमएसएमई , कृषि, डेयरी, मत्स्य पालन, पर्यटन, डिजिटल सेवाओं और स्टार्टअप जैसे क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर नए रोजगार के अवसर पैदा किए जाएंगे।उन्होंने युवाओं और किसानों से अपील करते हुए कहा कि युवाओं की मेहनत की रक्षा करना उनका व्यक्तिगत दायित्व है।मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड का युवा अपनी मेहनत पर विश्वास रखे। सरकार ऐसा पारदर्शी वातावरण तैयार कर रही है, जिसकी मिसाल पूरा देश देगा।

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