जमशेदपुर: मानगो के मुंशी मोहल्ला में बुधवार शाम हुए सनसनीखेज राहुल बच्चा हत्याकांड के मुख्य आरोपी शब्बे को पुलिस ने गुरुवार तड़के एक मुठभेड़ में पैर में गोली मारकर दबोच लिया। यह घटना मानगो थाना क्षेत्र स्थित स्मृति पार्क में उस समय हुई, जब पुलिस आरोपी की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियारों को बरामद करने गई थी। पैर में गोली लगने के बाद घायल आरोपी को इलाज के लिए एमजीएम अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
सरेंडर के बाद हथियार बरामदगी के दौरान पुलिस पर फायरिंग का प्रयास
सिटी एसपी ललित मीणा ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि बुधवार देर रात मुख्य आरोपी शब्बे ने अपने कुछ साथियों के साथ पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया था। इसके बाद पुलिस टीम आरोपी शब्बे को साथ लेकर वारदात में प्रयुक्त हथियार बरामद करने के लिए तड़के सुबह मानगो के स्मृति पार्क पहुंची। पार्क में शब्बे की निशानदेही पर पुलिस ने दो पिस्तौल बरामद की। लेकिन इसी बीच शातिर आरोपी ने चालाकी दिखाते हुए एक लोडेड पिस्तौल उठा ली और पुलिस टीम पर ही फायरिंग करने का प्रयास किया।अचानक हुए इस हमले को देखते हुए मानगो थाना के सब-इंस्पेक्टर संजय ने त्वरित सूझबूझ दिखाई और आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की। पुलिस की ओर से चलाई गई दो गोलियां शब्बे के पैर में लगीं, जिसके बाद उसे तुरंत काबू में कर लिया गया।
क्या था मुंशी मोहल्ला हत्याकांड और हत्या की वजह?
यह पूरा मामला एकतरफा या आपसी त्रिकोणीय प्रेम प्रसंग से जुड़ा हुआ है, जिसने बुधवार को खूनी मोड़ ले लिया था। पुलिस जांच के अनुसार, मृतक राहुल बच्चा और मुख्य आरोपी शब्बे एक ही युवती से प्रेम करते थे। इसी बात को लेकर दोनों के बीच काफी दिनों से गंभीर विवाद चल रहा था। विवाद इतना बढ़ा कि बुधवार शाम को मुंशी मोहल्ला के पास शब्बे और उसके साथियों ने राहुल बच्चा की गोली मारकर हत्या कर दी थी।इस सनसनीखेज हत्याकांड के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल था, जिसे देखते हुए पुलिस लगातार आरोपियों पर दबाव बना रही थी। इसी दबाव के कारण शब्बे ने रात में सरेंडर किया, लेकिन सुबह उसने भागने या पुलिस पर हमला करने की नाकाम कोशिश की। फिलहाल एमजीएम अस्पताल में भारी पुलिस सुरक्षा के बीच आरोपी का इलाज चल रहा है और पुलिस मामले के अन्य फरार आरोपियों की तलाश में छापेमारी कर रही है।
