Bihar: बिहार के सरकारी स्कूलों में आज से ग्रीष्मावकाश, शिक्षकों को मुख्यालय नहीं छोड़ने का निर्देश

पटना: बिहार के सरकारी स्कूलों में सोमवार से ग्रीष्मावकाश शुरू हो गया है। हालांकि अवकाश के दौरान भी शिक्षकों को लेकर शिक्षा विभाग ने महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए हैं। विभाग ने स्पष्ट किया है कि 20 जून तक चलने वाले ग्रीष्मावकाश के दौरान सभी शिक्षक अपने निर्धारित मुख्यालय में ही रहेंगे और मोबाइल फोन हर समय चालू रखेंगे।
शिक्षा विभाग ने सभी जिलों को भेजा आदेश
शिक्षा विभाग की ओर से इस संबंध में सभी जिला शिक्षा पदाधिकारियों और जिला कार्यक्रम पदाधिकारियों को निर्देश भेजा गया है। विभाग का कहना है कि आगामी प्रतियोगी परीक्षाओं और विभिन्न विभागीय कार्यों के सुचारू संचालन के लिए शिक्षकों की उपलब्धता सुनिश्चित करना आवश्यक है।
जरूरत पड़ने पर बुलाए जा सकते हैं शिक्षक
विभागीय अधिकारियों के अनुसार अवकाश अवधि में भी कई महत्वपूर्ण प्रशासनिक और परीक्षा संबंधी कार्य होते हैं, जिनका संचालन विद्यालय स्तर पर किया जाता है। ऐसे में आवश्यकता पड़ने पर शिक्षकों को बुलाया जा सकता है। इसी कारण उन्हें मुख्यालय में रहने और संपर्क में बने रहने का निर्देश दिया गया है।
मुख्यालय छोड़ने से पहले लेनी होगी अनुमति
शिक्षा विभाग ने आदेश में स्पष्ट किया है कि यदि किसी शिक्षक को पारिवारिक, आकस्मिक या अन्य आवश्यक कारणों से मुख्यालय छोड़ना पड़े तो उन्हें पहले सक्षम प्राधिकारी से अनुमति प्राप्त करनी होगी। बिना अनुमति मुख्यालय छोड़ना नियमों का उल्लंघन माना जाएगा।
मोबाइल फोन चालू रखना अनिवार्य
विभाग ने सभी शिक्षकों को मोबाइल फोन चालू रखने का भी निर्देश दिया है। विभाग का कहना है कि अवकाश अवधि के दौरान कभी भी महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए जा सकते हैं। ऐसे में शिक्षकों से संपर्क बनाए रखना जरूरी है ताकि परीक्षा प्रबंधन और अन्य विभागीय गतिविधियों का संचालन बिना किसी बाधा के किया जा सके।
विभाग का उद्देश्य प्रशासनिक कार्यों में सुगमता
शिक्षा विभाग के अनुसार यह व्यवस्था आगामी परीक्षाओं, सरकारी योजनाओं और शिक्षा संबंधी गतिविधियों को समय पर पूरा करने के लिए की गई है, ताकि अवकाश के दौरान भी आवश्यक कार्य प्रभावित न हों।



