Bihar: बिहार के सहरसा में मिड-डे मील खाने से 250 से ज्यादा बच्चे बीमार, फूड प्वाइजनिंग की आशंका

बिहार के सहरसा जिले में गुरुवार को एक सरकारी स्कूल में मिड-डे मील खाने के बाद 250 से अधिक बच्चों की तबीयत बिगड़ गई। मामला महिषी प्रखंड स्थित राजकीय मध्य विद्यालय बलुआहा का है।घटना के बाद स्कूल परिसर में अफरा-तफरी मच गई और बीमार बच्चों को आनन-फानन में अस्पताल पहुंचाया गया।

बच्चों को पेट दर्द, उल्टी और चक्कर की शिकायत

जानकारी के अनुसार, मिड-डे मील खाने के कुछ ही देर बाद बच्चों को पेट दर्द, उल्टी, चक्कर और बेचैनी की शिकायत होने लगी।अधिकारियों ने बताया कि करीब 115 बच्चों का इलाज सदर अस्पताल में चल रहा है, जबकि लगभग 50 बच्चों को महिषी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया है। गंभीर हालत वाले कुछ विद्यार्थियों को बेहतर इलाज के लिए रेफर भी किया गया।

डॉक्टरों की टीम लगातार इलाज में जुटी

स्वास्थ्य विभाग की टीम लगातार बच्चों की निगरानी और इलाज में जुटी हुई है। सिविल सर्जन डॉ. राजनारायण प्रसाद ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला फूड प्वाइजनिंग का प्रतीत हो रहा है।उन्होंने कहा कि फिलहाल सभी बच्चे खतरे से बाहर हैं।

छात्रों ने बताई खाने के बाद तबीयत बिगड़ने की बात

छात्रों के अनुसार, स्कूल में चावल और दाल परोसी गई थी। भोजन करने के कुछ ही देर बाद कई बच्चों की हालत बिगड़ने लगी।घटना की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई और मामले की जांच शुरू कर दी गई।

दाल के बर्तन में सांप मिलने का दावा

पीटीआई की रिपोर्ट के अनुसार, कुछ अभिभावकों ने दावा किया है कि जिस बर्तन में दाल रखी गई थी, उसमें सांप मिला था। बताया जा रहा है कि स्कूल के 545 विद्यार्थियों में से करीब 200 बच्चे भोजन कर चुके थे।हालांकि प्रशासन ने अभी इस दावे की पुष्टि नहीं की है।

जांच के लिए भेजे गए भोजन के नमूने

जिलाधिकारी ने बताया कि एफएसएल टीम और औषधि निरीक्षक ने घटनास्थल से भोजन के नमूने एकत्र किए हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी।प्रशासन ने मिड-डे मील की गुणवत्ता और घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी है।

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