गाजियाबाद (इंदिरापुरम): इंदिरापुरम स्थित गौड़ ग्रीन एवेन्यू सोसायटी में बुधवार सुबह भीषण आग लगने से हड़कंप मच गया। आग सोसायटी के D टावर की नौवीं मंजिल पर स्थित एक फ्लैट में लगी, जिसने तेजी से फैलते हुए आसपास के कुल 8 फ्लैटों को अपनी चपेट में ले लिया। दमकल विभाग को आग पर पूरी तरह काबू पाने में करीब 3 घंटे का समय लगा।
हाइड्रोलिक मशीन फेल, संकरे रास्ते बने मुसीबत
राहत कार्य के दौरान फायर ब्रिगेड को भारी मशक्कत करनी पड़ी। आग बुझाने में देरी की मुख्य वजहें निम्नलिखित रहीं। D टावर के ठीक सामने समिति का पार्क होने के कारण केवल एक कार निकलने जितनी जगह थी। इस वजह से दमकल की बड़ी मशीनें मौके तक नहीं पहुंच सकीं।यूपी फायर सर्विस की हाइड्रोलिक मशीनें ऊपर की मंजिलों तक पहुंचने में सक्षम नहीं हो पा रही थीं, जिससे आग की लपटों पर सीधा प्रहार करना मुश्किल हो गया।
दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे से दिखा धुएं का गुबार
आग इतनी भयावह थी कि इससे निकलने वाला काला धुआं कई किलोमीटर दूर दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे से भी साफ नजर आ रहा था। एक्सप्रेसवे से गुजरने वाले राहगीरों ने इस खौफनाक मंजर को अपने मोबाइल कैमरों में कैद किया।
रेस्क्यू और अफरा-तफरी
आग लगने के बाद पूरी सोसायटी में चीख-पुकार मच गई और लोग सुरक्षा के लिए बिल्डिंग से बाहर की ओर भागे।दमकल कर्मियों ने धुआं और आग के बीच फंसे 2 लोगों को रेस्क्यू किया। रेस्क्यू किए गए लोगों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया है, जहां उनका इलाज जारी है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि आग लगने के वक्त मुख्य फ्लैट में कोई मौजूद था या नहीं। करोड़ों की संपत्ति जलकर खाक होने का अनुमान है।
जांच के घेरे में आग के कारण
दमकल विभाग और स्थानीय पुलिस अब आग लगने के कारणों की जांच कर रही है। शुरुआती तौर पर इसे शॉर्ट सर्किट से जोड़कर देखा जा रहा है, लेकिन आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है। संबंधित विभाग सोसायटी के फायर फाइटिंग सिस्टम की कार्यक्षमता की भी जांच करेगा।
