Madhya Pradesh: पशुओं की चर्बी से बनाया जा रहा था ‘जहरीला’ घी और आइसक्रीम, आरोपी अनवर हिरासत में

खंडवा : खंडवा जिला प्रशासन ने शुक्रवार को एक बड़ी संयुक्त कार्रवाई करते हुए पशुओं की चर्बी से घी और खाद्य सामग्री बनाने वाले एक अवैध कारखाने को सील कर दिया है। मोघट थाना क्षेत्र के इमलीपुरा वार्ड स्थित बेगम पार्क के पास चल रहे इस गोरखधंधे ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है।

छापेमारी में सामने आए चौंकाने वाले दृश्य

मुखबिर की सटीक सूचना पर जब सिटी मजिस्ट्रेट, नगर निगम, खाद्य विभाग और पशु चिकित्सा विभाग की टीम ने दबिश दी, तो नजारा बेहद डरावना था। कारखाने के संकरी गलियों वाले कमरों में 79 टीन के कनस्तर और 9 नीले ड्रमों में भरी हुई पशुओं की चर्बी से तैयार नकली घी मिली।बड़ी संख्या में बोरों में भरे हुए मृत पशुओं के अवशेष, खाल, हड्डियाँ और चमड़ा बरामद हुआ।जांच में पता चला कि इस चर्बी का उपयोग आइसक्रीम बनाने और बाजार में घी के रूप में सप्लाई करने के लिए किया जा रहा था।

आरोपी अनवर कुरैशी हिरासत में

पुलिस ने इस अवैध कारखाने के संचालक अनवर कुरैशी को हिरासत में ले लिया है। सिटी मजिस्ट्रेट बजरंग बहादुर ने बताया कि आरोपी से पूछताछ की जा रही है और उसके खिलाफ कड़ी दंडात्मक धाराओं में एफआईआर दर्ज की जा रही है। मौके से लिए गए चर्बी और अवशेषों के सैंपल लैब में जांच के लिए भेजे गए हैं, ताकि यह पता चल सके कि किस पशु के अवशेषों का इस्तेमाल किया जा रहा था।

विधायक ने की ‘रासुका’ लगाने की मांग

घटनास्थल पर पहुंची खंडवा विधायक ने प्रशासन की इस मुस्तैदी की जमकर तारीफ की। उन्होंने इस कृत्य को मानव स्वास्थ्य के खिलाफ एक गंभीर अपराध बताया और दोषियों पर रासुका जैसी सख्त कार्रवाई करने का समर्थन किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि जिले में ऐसे अन्य ठिकानों की भी तत्काल जांच की जाए।

स्वास्थ्य के साथ बड़ा खिलवाड़

खाद्य विभाग के अधिकारियों के अनुसार, पशुओं की चर्बी से बना घी और उसमें इस्तेमाल होने वाले अवशेष इंसानी शरीर के लिए बेहद घातक हो सकते हैं। प्रशासन अब इस बात की जांच कर रहा है कि यह नकली घी और आइसक्रीम की सामग्री खंडवा के अलावा और किन-किन शहरों में सप्लाई की जा रही थी।

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