Jharkhand INFACTNews

Jharkhand: चाकुलिया के राजाबासा जंगल में मनाया गया सेंदरा पर्व

जमशेदपुर: पूर्वी सिंहभूम जिले के चाकुलिया वन क्षेत्र में बुधवार को आदिवासी समाज द्वारा पारंपरिक सेंदरा पर्व (शिकार पर्व) मनाया गया। इस दौरान कालियाम पंचायत के राजाबासा साल जंगल में सैकड़ों सेंदरा वीर पारंपरिक हथियारों के साथ एकत्रित हुए।शिकारियों का जमावड़ा राजाबासा तालाब के पास हुआ, जहां से वे तीर-धनुष, भाला, बरछा और कुल्हाड़ी लेकर जंगल की ओर शिकार के लिए निकले। हालांकि इस दौरान किसी जंगली जानवर के शिकार की सूचना नहीं मिली है।वन्य जीवों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए वन विभाग की टीम भी पूरी तरह सतर्क रही और पूरे इलाके में निगरानी रखी गई।

कई शिकारियों को जंगल में प्रवेश करने से रोका गया

वन विभाग ने कई लोगों को जंगल में प्रवेश करने से रोक दिया। विभाग की टीम मौके पर तैनात रही और शिकारियों को समझाने का प्रयास करती रही।कई शिकारियों को समझा-बुझाकर वापस भी भेजा गया। बताया जाता है कि इस क्षेत्र में हर साल निर्धारित तिथि पर पारंपरिक सेंदरा पर्व का आयोजन होता है और इस बार भी उसी परंपरा के तहत बड़ी संख्या में लोग राजाबासा जंगल पहुंचे थे।वन विभाग ने एक दिन पहले ही माइक के जरिए गांव-गांव में प्रचार कर लोगों से शिकार नहीं करने की अपील की थी, लेकिन इसके बावजूद सैकड़ों आदिवासी पुरुष जंगल में प्रवेश कर गए।

दलमा वाइल्ड लाइफ सेंचुरी में 23 अप्रैल को होगा सेंदरा पर्व

इधर दलमा वाइल्ड लाइफ सेंचुरी में सेंदरा पर्व 23 अप्रैल को मनाया जाएगा। इस दौरान हजारों शिकारियों के जुटने की संभावना जताई जा रही है।जानकारी के अनुसार, दलमा राजा राकेश हेंब्रम के नेतृत्व में शिकारी जंगल में जाएंगे। आदिवासी समाज की ओर से इसकी तैयारियां शुरू कर दी गई हैं।वहीं, वन विभाग भी वन्य जीवों की सुरक्षा को देखते हुए शिकार को रोकने के लिए लगातार प्रयास कर रहा है और क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी गई है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button