Jharkhand: जमशेदपुर में मलयाली परिवारों ने श्रद्धा और परंपरा के साथ मनाया ओणम महोत्सव

जमशेदपुर। शहर में रहने वाले मलयाली परिवारों ने रविवार को श्रद्धा, उत्साह और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ ओणम महोत्सव मनाया। इस अवसर पर समाज के लोग सुबह स्नान के बाद मंदिरों में पूजा-अर्चना के लिए पहुंचे। विधि-विधान से पूजा संपन्न करने के बाद लोगों ने अपने घरों में भी विशेष पूजा की।ओणम के अवसर पर मलयाली समाज के लोगों में खासा उत्साह देखने को मिला। लोगों ने नए वस्त्र धारण किए और परिवार के बड़े-बुजुर्गों के चरण स्पर्श कर उनका आशीर्वाद लिया।
टेल्को श्री कृष्ण मंदिर में बनाई गई आकर्षक फूलों की रंगोली
ओणम महोत्सव के दौरान टेल्को स्थित श्री कृष्ण मंदिर में परंपरा और रीति-रिवाज के अनुसार फूलों से आकर्षक रंगोली बनाई गई। ओणम की परंपरा के तहत राजा महाबलि का विधिवत स्वागत किया गया।मंदिर परिसर में महिलाओं और पुरुषों ने मिलकर रंग-बिरंगे फूलों से सुंदर और आकर्षक रंगोली तैयार की। इस दौरान पारंपरिक संस्कृति और धार्मिक आस्था का सुंदर संगम देखने को मिला।
नए वस्त्र पहनकर बुजुर्गों से लिया आशीर्वाद
ओणम के मौके पर मलयाली परिवारों ने पारंपरिक रूप से नए वस्त्र पहने। पूजा-अर्चना के बाद परिवार के सदस्यों ने बड़े-बुजुर्गों का आशीर्वाद लिया।यह पर्व परिवार, संस्कृति और परंपराओं से जुड़ने का अवसर भी बना। लोगों ने एक-दूसरे को ओणम की शुभकामनाएं दीं और खुशियां साझा कीं।
जमशेदपुर में दिखी केरल की पारंपरिक संस्कृति की झलक
जमशेदपुर में रहने वाले मलयाली परिवारों ने ओणम महोत्सव के माध्यम से अपनी सांस्कृतिक परंपराओं को जीवंत रखा। घरों और मंदिरों में पूजा-अर्चना तथा फूलों की रंगोली के माध्यम से केरल की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत की झलक देखने को मिली।धार्मिक आस्था और पारंपरिक उल्लास के बीच मनाया गया ओणम महोत्सव मलयाली समाज के लोगों के लिए विशेष अवसर रहा।



