Jharkhnd: रामनवमी पर झंडों से पटा बाजार; 20 मीटर का सबसे लंबा झंडा बना आकर्षण, ₹3,500 है कीमत

जमशेदपुर: रामनवमी के विसर्जन जुलूस और अखाड़ा प्रदर्शन को लेकर लौहनगरी के बाजार पूरी तरह भक्तिमय और भगवा रंग में रंग गए हैं। शहर के प्रमुख व्यापारिक केंद्रों में छोटे से लेकर विशालकाय झंडों की भारी मांग देखी जा रही है। इस वर्ष बाजार में 20 मीटर (लगभग 65 फीट) लंबा झंडा विशेष चर्चा का विषय बना हुआ है।

खास ऑर्डर पर तैयार हुआ ‘महाबली’ झंडा

बाजार में उपलब्ध झंडों की वैरायटी और कीमतों ने सबका ध्यान खींचा है। अखाड़ा समितियों की विशेष मांग पर 20 मीटर लंबा झंडा तैयार किया गया है। दुकानदार पंकज कुमार के अनुसार, इस विशाल झंडे की कीमत 3,500 रुपये तय की गई है।सामान्य भक्तों के लिए मात्र 25 रुपये से झंडे उपलब्ध हैं, जिन्हें लोग अपने घरों और वाहनों पर लगा रहे हैं। इन झंडों पर प्रभु श्री राम और संकटमोचन हनुमान जी की भव्य तस्वीरें छपी हैं, जो दूर से ही श्रद्धालुओं को आकर्षित कर रही हैं।

महीना भर पहले से चल रही थी तैयारी

दुकानदारों के लिए यह सीजन व्यापार के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण साबित हो रहा है। दुकानदार पंकज कुमार ने बताया कि इन विशेष और लंबे झंडों की तैयारी एक महीने पहले से ही शुरू कर दी गई थी। बड़े अखाड़ों ने कई दिनों पहले ही अपने ऑर्डर बुक करा दिए थे।इतने लंबे और भारी झंडे बनाने वाले शहर में गिने-चुने कारीगर और दुकानदार ही हैं, इसलिए इनकी मांग काफी अधिक है।साकची, बिष्टुपुर और जुगसलाई जैसे बाजारों में सुबह से ही अखाड़ा समितियों के प्रतिनिधियों की भीड़ उमड़ रही है।

अखाड़ों की शान बनेगा विशाल ध्वज

जमशेदपुर की परंपरा रही है कि विसर्जन जुलूस के दौरान अखाड़ा समितियां अपनी शक्ति और भक्ति के प्रतीक के रूप में ऊंचे से ऊंचे महावीरी झंडे फहराती हैं। 20 मीटर लंबे इन झंडों को जुलूस के दौरान संभालना और प्रदर्शित करना अखाड़े के युवाओं के लिए गर्व और शौर्य का विषय होता है।प्रशासन ने भी ऊंचे झंडों को लेकर सुरक्षा एडवाइजरी जारी की है, ताकि बिजली के तारों आदि से कोई अप्रिय घटना न हो।

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