Bihar: बिहार से लॉन्च होगा ईएलसी 2.0 अभियान, छह महीने में 15 लाख स्कूलों और 70 हजार कॉलेजों को जोड़ने का लक्ष्य

पटना: मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार सोमवार को बिहार से राष्ट्रव्यापी निर्वाचन साक्षरता क्लब ईएलसी 2.0 अभियान की शुरुआत करेंगे। चुनाव आयोग का लक्ष्य अगले छह महीनों में देशभर के 15 लाख स्कूल, 70 हजार कॉलेज और 1,420 विश्वविद्यालयों में निर्वाचन साक्षरता क्लब स्थापित कर उन्हें ईसीआइनेट से जोड़ना है।
हर कक्षा में बनाए जाएंगे दो ईएलसी मॉनिटर
इस अभियान के तहत नौवीं कक्षा से स्नातकोत्तर स्तर तक प्रत्येक कक्षा में दो ईएलसी मॉनिटर बनाए जाएंगे। इनमें एक छात्र और एक छात्रा को मॉनिटर की जिम्मेदारी दी जाएगी। ये मॉनिटर सीधे चुनाव आयोग के ईसीआइनेट प्लेटफॉर्म से जुड़े रहेंगे।चुनाव आयोग ने ईएलसी के लिए विशेष पाठ्यक्रम भी तैयार किया है। फिलहाल इसे हिंदी और अंग्रेजी में तैयार किया गया है। बाद में राज्यों के मुख्य निर्वाचन अधिकारी अपनी सुविधा के अनुसार इसे स्थानीय भाषाओं में उपलब्ध कराएंगे।
छह महीने में 36 राज्यों का दौरा करेंगे मुख्य चुनाव आयुक्त
चुनाव आयोग के अनुसार, ईएलसी 2.0 अभियान को देशभर में प्रभावी बनाने के लिए मुख्य चुनाव आयुक्त अगले छह महीनों में 36 राज्यों का दौरा करेंगे। अभियान की शुरुआत बिहार से होगी। ईएलसी से जुड़े विद्यार्थियों को प्रखंड, जिला, राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर प्रत्येक वर्ष 25 जनवरी यानी राष्ट्रीय मतदाता दिवस के अवसर पर बेहतर प्रदर्शन के लिए सम्मानित किया जाएगा। राज्य स्तर पर राज्यपाल और राष्ट्रीय स्तर पर राष्ट्रपति बेहतर प्रदर्शन करने वाले ईएलसी मॉनिटरों को पुरस्कृत करेंगे।
डिजिटल प्लेटफॉर्म से होगा ईएलसी का पूरा संचालन
स्कूल, कॉलेज और विश्वविद्यालय ईसीआइनेटसे जुड़े समर्पित पंजीकरण पोर्टल के माध्यम से ईएलसी स्थापित करने के लिए आवेदन कर सकेंगे। मंजूरी मिलने के बाद प्रत्येक क्लब को एक विशिष्ट ईएलसी पहचान संख्या दी जाएगी।इसके माध्यम से संस्थान का डिजिटल पंजीकरण, प्रोफाइल, सदस्यों का विवरण, गतिविधियों की रिपोर्टिंग, निगरानी, प्रमाणपत्र और पुरस्कार संबंधी कार्य ऑनलाइन किए जा सकेंगे।
युवाओं को चुनावी प्रक्रिया की समझ देने पर जोर
ईएलसी 2.0 का उद्देश्य विद्यार्थियों को भारतीय चुनावी व्यवस्था की पारदर्शिता, निष्पक्षता, विश्वसनीयता और प्रक्रियागत सुरक्षा उपायों की बेहतर समझ देना है।इसके साथ ही युवाओं को फर्जी सूचनाओं और गलत नैरेटिव की पहचान करने के लिए भी तैयार किया जाएगा, ताकि वे लोकतांत्रिक विमर्श में तथ्यपरक और सकारात्मक भूमिका निभा सकें।
ईएलसी में होंगे क्विज, वाद-विवाद और मॉक चुनाव
पूरे शैक्षणिक वर्ष में निर्वाचन साक्षरता क्लबों में विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। इनमें चर्चा और वाद-विवाद,क्विज प्रतियोगिताएं,मॉक चुनाव,मतदाता जागरूकता अभियान,आउटरीच कार्यक्रम,फील्ड गतिविधियां,अनुभव आधारित अभ्यास
शामिल होंगे।
छात्रों को मिलेगा लोकतांत्रिक नेतृत्व का अनुभव
ईएलसी 2.0 के तहत छात्र नेतृत्व को भी प्रोत्साहित किया जाएगा। क्लबों में सहमति अथवा चुनाव के माध्यम से अध्यक्ष और उपाध्यक्ष का चयन किया जा सकेगा। इससे विद्यार्थियों को वास्तविक लोकतांत्रिक प्रक्रिया का व्यावहारिक अनुभव मिलेगा।



