
महोबा: उत्तर प्रदेश के महोबा जिले की चरखारी विधानसभा सीट से भाजपा विधायक बृजभूषण राजपूत एक बार फिर विवादों में आ गए हैं। किसानों को वितरित किए जाने वाले चने के बीज की कथित कालाबाजारी की सूचना पर कृषि विभाग के बीज गोदाम पहुंचे विधायक की गोदाम प्रभारी सोनू यादव से कहासुनी हो गई। विवाद बढ़ने पर विधायक ने गोदाम प्रभारी को थप्पड़ मार दिए। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मामला चर्चा में है।विधायक ने आरोप लगाया कि किसानों को बांटने के लिए रखे गए सरकारी बीज को बिना उचित अनुमति के बाहर भेजा जा रहा था। हालांकि, बीज की बोरियों को भेजने के पीछे क्या कारण था और इस मामले में नियमों का उल्लंघन हुआ या नहीं, इसकी आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
चने के बीज की 100 बोरियां गाड़ी में लदी होने का आरोप
जानकारी के मुताबिक, विधायक बृजभूषण राजपूत को सूचना मिली थी कि किसानों के बीच वितरित किए जाने वाले चने के बीज को गोदाम से बाहर भेजा जा रहा है। इस सूचना पर वह चरखारी स्थित कृषि विभाग के बीज भंडार पहुंचे।विधायक के अनुसार, मौके पर एक गाड़ी में चने के बीज की करीब 100 बोरियां लदी हुई थीं। उन्होंने आरोप लगाया कि किसानों को वितरित किए जाने वाले सरकारी बीज को उनके बीच बांटने के बजाय मंडी में बेचने की तैयारी की जा रही थी।
गोदाम प्रभारी से सवाल-जवाब के दौरान बढ़ा विवाद
बीज की बोरियों को लेकर विधायक ने गोदाम प्रभारी सोनू यादव से सवाल-जवाब किए। इसी दौरान दोनों के बीच बहस बढ़ गई और विधायक ने गोदाम प्रभारी को थप्पड़ मार दिए।विधायक ने गोदाम प्रभारी पर किसानों के हिस्से के बीज की कथित हेराफेरी करने का आरोप लगाया। इस दौरान उन्होंने गोदाम प्रभारी को समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव से जुड़ा बताते हुए भी टिप्पणी की।घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद विधायक के व्यवहार और सरकारी बीज के वितरण से जुड़े आरोपों को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
विधायक ने क्या दी सफाई?
मामले पर भाजपा विधायक बृजभूषण राजपूत ने कहा कि बीज गोदाम से किसानों को सरकारी बीज वितरित किया जाता है। उन्हें सूचना मिली थी कि वहां कालाबाजारी हो रही है और चने की करीब 100 बोरियां गाड़ी में लादी जा रही थीं।विधायक के मुताबिक, उन्होंने गोदाम प्रभारी से पूछा कि बीज किसके आदेश पर भेजा जा रहा है। उनका दावा है कि गोदाम प्रभारी के पास कोई आदेश नहीं था। विधायक ने यह भी कहा कि जब उन्होंने संबंधित वरिष्ठ अधिकारियों से जानकारी ली, तो उन्होंने भी ऐसे किसी आदेश की जानकारी होने से इनकार किया।ये आरोप विधायक के बयान पर आधारित हैं। बीज के परिवहन, संबंधित दस्तावेजों और कथित अनियमितताओं की स्वतंत्र पुष्टि सामने आने पर ही पूरे मामले की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
पहले भी विवादों में रह चुके हैं बृजभूषण राजपूत
चरखारी से भाजपा विधायक बृजभूषण राजपूत पहले भी अपने विरोध के तरीकों को लेकर चर्चा में रहे हैं। इससे पहले फसल बीमा योजना के सर्वे में कथित अनियमितताओं के विरोध के दौरान सर्वेयरों को घाघरा-चोली और पेटीकोट पहनाए जाने का मामला सामने आया था।अब बीज गोदाम प्रभारी को थप्पड़ मारने का वीडियो वायरल होने के बाद विधायक एक बार फिर सुर्खियों में हैं। इस घटना में सरकारी बीज की कथित कालाबाजारी के आरोपों के साथ-साथ विधायक के व्यवहार को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। मामले में संबंधित विभाग की जांच और आधिकारिक प्रतिक्रिया महत्वपूर्ण होगी।



