जमशेदपुर: भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता तुहिन सिन्हा ने शुक्रवार को जमशेदपुर में झारखंड की हेमंत सोरेन सरकार पर निशाना साधा। महानगर भाजपा कार्यालय के बाहर पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने राज्य की आर्थिक और प्रशासनिक व्यवस्था के साथ कानून-व्यवस्था को लेकर सवाल उठाए। सिन्हा ने आरोप लगाया कि सरकार कल्याणकारी योजनाओं पर जोर दे रही है, जबकि आधारभूत संरचना और पूंजीगत निवेश को पर्याप्त प्राथमिकता नहीं मिल रही है।
एमएमडीआर एक्ट को लेकर क्या बोले तुहिन सिन्हा
एमएमडीआर एक्ट से जुड़े मुद्दे पर भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि खनन से मिलने वाले अतिरिक्त राजस्व का इस्तेमाल जनकल्याणकारी योजनाओं में किया जाना गलत नहीं है। हालांकि, उनके अनुसार राज्य के दीर्घकालिक विकास के लिए आधारभूत संरचना और पूंजीगत परियोजनाओं में भी पर्याप्त निवेश जरूरी है।सिन्हा ने दावा किया कि पूंजीगत व्यय में पर्याप्त निवेश नहीं होने पर राज्य के विकास की गति प्रभावित हो सकती है। झारखंड में एमएमडीआर संशोधन कानून को लेकर राज्य सरकार और भाजपा के बीच राजनीतिक बहस जारी है।
चुनाव आयोग को लेकर राहुल गांधी पर साधा निशाना
तुहिन सिन्हा ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी की ओर से संवैधानिक संस्थाओं को लेकर उठाए जा रहे सवालों पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक और प्रशासनिक प्रक्रियाओं में मतभेद होना स्वाभाविक है, लेकिन इन्हें राजनीतिक रंग नहीं दिया जाना चाहिए।मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार से जुड़े विवाद का उल्लेख करते हुए उन्होंने संवैधानिक संस्थाओं की कार्यप्रणाली और उनकी स्वायत्तता को लेकर भाजपा का पक्ष रखा।
कानून-व्यवस्था को लेकर सरकार पर आरोप
भाजपा प्रवक्ता ने झारखंड की कानून-व्यवस्था पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में आपराधिक घटनाओं में वृद्धि हुई है और प्रशासनिक व्यवस्था कमजोर हुई है।जमशेदपुर समेत राज्य के अलग-अलग हिस्सों में आपराधिक गतिविधियों का हवाला देते हुए उन्होंने सरकार से प्रभावी कार्रवाई करने की मांग की। ये आरोप भाजपा नेता की ओर से लगाए गए हैं।
जेएसएससी-सीजीएल विवाद पर भी सरकार को घेरा
जेएसएससी-सीजीएल और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े विवाद का जिक्र करते हुए तुहिन सिन्हा ने कहा कि छात्र लंबे समय से कथित अनियमितताओं की जांच की मांग कर रहे थे। उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों की मांगों पर पर्याप्त गंभीरता नहीं दिखाई गई और आंदोलन के दौरान छात्रों के साथ सख्ती बरती गई।झारखंड सरकार ने अगस्त में जेएसएससी-सीजीएल समेत टीडीपीएल से जुड़ी परीक्षाओं और परिणामों को रद्द करने की घोषणा की थी तथा 2014 से हुई परीक्षाओं में अनियमितताओं की जांच का निर्णय लिया था। बाद में झारखंड हाईकोर्ट ने 11वीं से 13वीं जेपीएससी सिविल सेवा और फूड सेफ्टी ऑफिसर परीक्षा को रद्द करने के सरकारी फैसले पर रोक लगाई थी।
दीनदयाल जयंती पर अंत्योदय का किया उल्लेख
पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती के अवसर पर आयोजित कार्यक्रमों का उल्लेख करते हुए सिन्हा ने अंत्योदय के सिद्धांत की चर्चा की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार डीबीटी और डिजिटल व्यवस्था के माध्यम से सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे लाभार्थियों तक पहुंचाने पर जोर दे रही है।उन्होंने कहा कि देश और राज्य के विकास के लिए पारदर्शी शासन, मजबूत आधारभूत संरचना और प्रभावी कानून-व्यवस्था जरूरी है।कार्यक्रम के दौरान भाजपा के कई स्थानीय पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
