रांची: झारखंड की पूर्व मंत्री और सिमडेगा की पूर्व विधायक विमला प्रधान के निधन के बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन शनिवार को रांची के लोअर करमटोली स्थित उनके आवास पहुंचे। मुख्यमंत्री ने विमला प्रधान के पार्थिव शरीर पर पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी और शोकाकुल परिवार के सदस्यों से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी।विमला प्रधान का शुक्रवार रात रांची के एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान निधन हुआ था। वह 69 वर्ष की थीं। उनके निधन की पुष्टि कई रिपोर्टों में हुई है।
सीएम हेमंत सोरेन ने याद किया सार्वजनिक जीवन में योगदान
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने विमला प्रधान के निधन पर दुख जताते हुए उनके सार्वजनिक जीवन और राज्य के लिए किए गए कार्यों को याद किया। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक जीवन में विमला प्रधान का योगदान और जनता के प्रति उनका समर्पण लंबे समय तक स्मरणीय रहेगा।मुख्यमंत्री ने कहा कि विमला प्रधान ने सिमडेगा सहित पूरे झारखंड के विकास में लंबे समय तक सक्रिय भूमिका निभाई। समाज के विभिन्न वर्गों के लिए किए गए उनके कार्यों को याद किया जाएगा।
मरांग बुरु से दिवंगत आत्मा की शांति की प्रार्थना
मुख्यमंत्री ने दिवंगत विमला प्रधान की आत्मा की शांति के लिए मरांग बुरु से प्रार्थना की। उन्होंने शोकाकुल परिवार, समर्थकों और प्रशंसकों को इस कठिन समय में दुख सहने की शक्ति और संबल मिलने की कामना की।
दो बार सिमडेगा से विधायक रही थीं विमला प्रधान
विमला प्रधान झारखंड की राजनीति में लंबे समय तक सक्रिय रहीं। वह सिमडेगा विधानसभा क्षेत्र से दो बार विधायक चुनी गई थीं और राज्य सरकार में मंत्री भी रही थीं। उन्हें उत्कृष्ट विधायक के सम्मान से भी नवाजा गया था।उनके निधन के बाद सिमडेगा समेत झारखंड के राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र में शोक की प्रतिक्रिया सामने आई है। राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन समेत विभिन्न नेताओं ने उनके निधन पर संवेदना व्यक्त की।
इलाज के दौरान हुआ निधन
रिपोर्टों के अनुसार, विमला प्रधान पिछले कुछ समय से अस्वस्थ थीं और रांची के अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था। शुक्रवार रात इलाज के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली।मुख्यमंत्री ने उनके निधन को झारखंड के सार्वजनिक जीवन के लिए महत्वपूर्ण क्षति बताते हुए उनके योगदान को याद किया।
