इंदौर/देपालपुर। मध्य प्रदेश के इंदौर जिले के देपालपुर क्षेत्र में उल्टी-दस्त की शिकायत के बाद दो मासूम बहनों की मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर सर्वे शुरू किया और पीड़ित परिवार के सदस्यों की जांच कराई।जानकारी के अनुसार वार्ड क्रमांक-6 स्थित हरिजन मोहल्ले में मजदूर मुकेश चौहान की दो बेटियों 8 वर्षीय खुशबू और 6 वर्षीय आरती की तबीयत दूषित खानपान के कारण बिगड़ गई थी। स्वजन दोनों बच्चियों को इलाज के लिए निजी अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां एक बच्ची की उपचार के दौरान मौत हो गई, जबकि दूसरी बच्ची ने घर पर दम तोड़ दिया।
स्वास्थ्य विभाग की टीम मौके पर पहुंची
मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. माधव हसानी, ब्लॉक स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. वंदना केसरी और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने पीड़ित परिवार के सदस्यों को शासकीय अस्पताल भेजकर स्वास्थ्य जांच कराई।
पोस्टमार्टम और विसरा जांच के निर्देश
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के मुताबिक निजी अस्पताल में मृत बच्ची का पोस्टमार्टम कराया गया है। साथ ही विसरा जांच के लिए भी सैंपल भेजे गए हैं, ताकि मौत के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके।
गंदगी और खुली नालियों से बढ़ा खतरा
निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य विभाग की टीम ने घरों के सामने फैली गंदगी, खुली नालियां और खराब सफाई व्यवस्था पर चिंता जताई। स्थानीय लोगों का आरोप है कि मुख्य मार्ग के पास बनी करीब आठ फीट गहरी कच्ची-पक्की नालियां बदहाल स्थिति में हैं। साथ ही पेयजल पाइपलाइन में रिसाव होने से दूषित पानी की सप्लाई हो रही है, जिससे क्षेत्र में लगातार बीमारियां फैल रही हैं।
रहवासियों ने लगाए लापरवाही के आरोप
स्थानीय रहवासियों का कहना है कि उन्होंने नगर परिषद के सीएमओ और जनप्रतिनिधियों को कई बार लिखित शिकायतें दीं, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ। इंदौर सहकारी दुग्ध संघ के पूर्व अध्यक्ष मोतीसिंह पटेल ने मृत बच्चियों के परिवार को 10-10 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की मांग की है।
