Madhya Pradesh: ‘गुरु के आदेश’ पर युवक ने मंदिर में काटी जीभ, पाखंडियों को ललकारा “अगर शक्ति है तो जोड़कर दिखाएं”

भिंड (मध्यप्रदेश): भिंड जिले के भारौली ग्राम में मंगलवार दोपहर एक युवक ने सती माता मंदिर परिसर में अपनी जीभ काटकर सनसनी फैला दी। इस आत्मघाती कदम के पीछे युवक ने जो तर्क दिया है, वह कथित ‘दिव्य दरबारों’ और तांत्रिकों के दावों पर सवालिया निशान खड़ा करता है।

मंदिर में अचानक निकाली चाकू और काट ली जीभ

ग्राम भारौली निवासी आकाश (21 वर्ष), जो स्थानीय सरपंच उदयवीर का भतीजा है, दोपहर के समय सती माता मंदिर पहुंचा था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आकाश ने अचानक चाकू निकाला और बिना कुछ कहे अपनी जीभ काट ली। मौके पर मौजूद श्रद्धालु इस खौफनाक दृश्य को देख दहशत में आ गए।परिजनों ने तुरंत उसे जिला अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों का कहना है कि जीभ पर गहरा घाव है और उसे बोलने में अत्यधिक कठिनाई हो रही है, हालांकि उसकी स्थिति अभी स्थिर बनी हुई है।

पाखंड के खिलाफ ‘चुनौती’ या अंधविश्वास?

अस्पताल में भर्ती आकाश के बयानों ने पुलिस और प्रशासन को उलझा दिया है। उसने अपनी इस हरकत को एक प्रकार का ‘टेस्ट’ करार दिया है। आकाश ने दावा किया कि उसे ‘गुरु का आदेश’ मिला था, जिसके कारण उसने यह कदम उठाया। उसने स्थानीय कथित बाबाओं और दरबार लगाने वालों पर ठगी का आरोप लगाया। उसने कहा कि कुछ लोग उसे ‘राक्षस’ बता रहे थे और वह उनके पाखंड को उजागर करना चाहता था।आकाश ने खुले तौर पर उन लोगों को चुनौती दी जो चमत्कार करने का दावा करते हैं। उसने कहा, “यदि किसी दरबार में वाकई दिव्य शक्ति है, तो वे मेरी कटी हुई जीभ को जोड़कर दिखाएं।”

आस्था और मानसिक स्थिति की जांच

आकाश ने स्पष्ट किया कि वह केवल “श्री श्री 1008 शिवमोहन सरकार” को मानता है और अन्य किसी तांत्रिक या भूत-प्रेत की बातों को पाखंड मानता है। भारौली थाना पुलिस ने अस्पताल पहुंचकर युवक और मंदिर में मौजूद लोगों के बयान दर्ज किए हैं। पुलिस यह जांच कर रही है कि क्या युवक किसी मानसिक दबाव में था या उसे किसी ने ऐसा करने के लिए उकसाया था।

Exit mobile version