Jharkhand: विनोद खोपड़ी जेल ट्रांसफर पर हाईकोर्ट सख्त, सरकार से मांगा जवाब

रांची : चर्चित जयंत हत्याकांड के आरोपी विनोद खोपड़ी को चाईबासा जेल भेजने के आदेश को चुनौती देने वाली याचिका पर झारखंड हाई कोर्ट में अहम सुनवाई हुई। न्यायाधीश रंगन मुखोपाध्याय की खंडपीठ ने इस मामले में राज्य सरकार को जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है।
क्या है पूरा मामला?
विनोद खोपड़ी, जो ठेका कर्मी जयंत सिंह की हत्या सहित कई अन्य गंभीर आपराधिक मामलों में आरोपी है, उसे कुछ समय पहले सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए बोकारो जेल से चाईबासा जेल स्थानांतरित (शिफ्ट) कर दिया गया था। बोकारो उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक ने अदालत को बताया कि निकाय चुनाव के दौरान विनोद खोपड़ी मेयर पद की दावेदारी कर रहा था। जेल में उसकी मौजूदगी से कोई अप्रिय घटना घट सकती थी या कानून-व्यवस्था बिगड़ सकती थी, इसलिए उसे शिफ्ट किया गया। प्रार्थी के अधिवक्ता निशांत रॉय ने अदालत के समक्ष तर्क दिया कि अब निकाय चुनाव पूरी तरह संपन्न हो चुके हैं, इसलिए चाईबासा जेल में रखने का औचित्य खत्म हो गया है। उन्होंने यह भी कहा कि आरोपी के अधिकांश मामलों का ट्रायल बोकारो कोर्ट में चल रहा है, जिससे उसे न्यायिक प्रक्रिया में शामिल होने में कठिनाई हो रही है।
अदालत का सवाल और सरकार को निर्देश
सुनवाई के दौरान खंडपीठ ने सरकार से सीधा सवाल किया कि चुनाव खत्म होने के बाद अब उसे वापस बोकारो शिफ्ट करने में क्या बाधा है? अदालत ने राज्य सरकार को निर्देश दिया है कि वह अगली सुनवाई तक शपथ पत्र दाखिल कर अपनी स्थिति स्पष्ट करे। कोर्ट इस बात की भी समीक्षा कर रहा है कि दूसरे जिले की जेल में होने के कारण ट्रायल की कार्यवाही कितनी प्रभावित हो रही है।
कौन है विनोद खोपड़ी?
विनोद खोपड़ी बोकारो क्षेत्र का एक कुख्यात आरोपी है। उस पर चर्चित ठेका कर्मी जयंत सिंह की दिनदहाड़े हत्या करने का आरोप है, जिसने पूरे जिले में सनसनी फैला दी थी। हत्या के अलावा उस पर रंगदारी और डराने-धमकाने के कई अन्य मामले भी दर्ज हैं। अब सबकी नजरें राज्य सरकार के जवाब पर टिकी हैं, जिसके आधार पर कोर्ट तय करेगा कि विनोद खोपड़ी चाईबासा जेल में ही रहेगा या उसे वापस बोकारो लाया जाएगा।



