Jharkhand: राँची के यातायात को मिलेगी रफ्तार, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने करमटोली-साइंस सिटी फ्लाईओवर को दी मंजूरी

रांची। झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने राजधानी राँची के यातायात को सुगम और नियंत्रित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए करमटोली-साइंस सिटी फ्लाईओवर परियोजना को मंजूरी दे दी है। इस फ्लाईओवर के निर्माण से राँची के प्रमुख ट्रैफिक जंक्शनों पर लगने वाले जाम से निजात मिलने और यातायात को गति मिलने की उम्मीद है।

3.216 किलोमीटर लंबा होगा फ्लाईओवर

पथ निर्माण विभाग द्वारा करमटोली से साइंस सिटी (चिरौंदी) तक 3.216 किलोमीटर लंबे फ्लाईओवर के निर्माण की योजना तैयार की गई है। यह परियोजना करमटोली को साइंस सिटी होते हुए चिरौंदी चौक से जोड़ेगी। इसमें मोरहाबादी तक 516 मीटर का एक आवश्यक लिंक भी शामिल होगा।इसका मुख्य उद्देश्य अलबर्ट एक्का चौक, दिव्यन चौक, साइंस सिटी और चिरौंदी चौक जैसे व्यस्ततम ट्रैफिक नोड्स पर यातायात को सुचारु (स्मूथ) बनाना है।

अरगोड़ा चौक से हरमू फ्लाईओवर को भी मिल चुकी है स्वीकृति

यह गौरतलब है कि राज्य सरकार पहले ही राँची में एक और प्रमुख एलिवेटेड रोड परियोजना को स्वीकृति दे चुकी है। अरगोड़ा चौक से हरमू होते हुए डिबडीह तक प्रस्तावित एलिवेटेड रोड/फ्लाईओवर को पूर्व में ही स्वीकृति मिल चुकी है। इसका डीपीआर बनकर तैयार हो गया है और अब टेंडर तथा अन्य औपचारिकताओं की प्रक्रिया शुरू होगी।अरगोड़ा चौक शहर का एक प्रमुख ‘मेजर ट्रैफिक नोड’ है, जहाँ अशोक नगर, कडरू, हरमू, कटहल मोड़, और डिबडीह जैसी महत्वपूर्ण दिशाओं से भारी ट्रैफिक दबाव रहता है। इन दोनों परियोजनाओं से राँची की यातायात व्यवस्था में बड़ा बदलाव आने की उम्मीद है।

रामगढ़-हजारीबाग के वाहनों को मिलेगी राहत

जानकारी के अनुसार, करमटोली-साइंस सिटी परियोजना के पूर्ण होते ही रामगढ़ और हजारीबाग की ओर से आने-जाने वाले शहरी यातायात को बड़ी राहत मिलेगी। साथ ही यह फ्लाईओवर रिंग रोड एनएच-20 से भी बेहतर संपर्क सुनिश्चित करेगा, जिससे शहरी यातायात प्रबंधन में व्यापक सुधार होगा।मुख्यमंत्री द्वारा इस महत्वपूर्ण परियोजना को स्वीकृति प्रदान किए जाने से निकट भविष्य में राँची के नागरिकों को सुगम और निर्बाध आवागमन की सुविधा प्राप्त होने की आशा है।

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