Jharkhand: लोहरदगा में सीओ पर जानलेवा हमला, गढ़वा में युवक को ट्रैक्टर से कुचला; पुलिस महकमे में हड़कंप

रांची/लोहरदगा/गढ़वा: झारखंड में अवैध बालू का काला खेल अब खूनी संघर्ष में तब्दील होता जा रहा है। बालू तस्करी और माफिया इस कदर बेखौफ हैं कि वे अब सरकारी अधिकारियों की जान लेने और आम नागरिकों को कुचलने से भी गुरेज नहीं कर रहे हैं। ताजा मामले लोहरदगा और गढ़वा जिले से सामने आए हैं, जहाँ माफियाओं ने कानून की धज्जियां उड़ा दीं।
लोहरदगा: जान बचाकर भागे अंचलाधिकारी , सरकारी गाड़ी क्षतिग्रस्त
लोहरदगा जिले के सेन्हा थाना क्षेत्र में अवैध बालू के उठाव की सूचना पर कार्रवाई करने पहुंचे अंचलाधिकारी पंकज कुमार भगत पर माफियाओं ने जानलेवा हमला कर दिया।सीओ को गुप्त सूचना मिली थी कि मुरकी-सेन्हा पथ पर नूरी सराय पुल के पास अवैध डंपिंग यार्ड से बालू की तस्करी हो रही है।जैसे ही सीओ अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे, करीब 10 अज्ञात महिला-पुरुषों ने उन पर धावा बोल दिया। भीड़ ने लाठी, डंडों और बेलचा से अधिकारी और उनकी टीम के साथ मारपीट की।हमलावरों ने ईंट-पत्थर मारकर सरकारी वाहन के शीशे चकनाचूर कर दिए। माफियाओं ने अधिकारी को झूठे केस में फंसाने की धमकी भी दी। सीओ ने किसी तरह वहां से भागकर अपनी जान बचाई।
गढ़वा: बालू लदे ट्रैक्टर ने युवक को रौंदा, मौके पर मौत
दूसरी ओर, गढ़वा जिले के रमकंडा-भंडरिया मुख्य सड़क पर बालू माफिया की बेरहमी देखने को मिली। सिजों मोड़ के पास एक युवक का शव बरामद किया गया, जिसकी पहचान भंडरिया थाना क्षेत्र के सिजों गाँव निवासी अमरेश कोरवा के रूप में हुई है। ग्रामीणों के अनुसार, अमरेश बाजार से घर लौट रहा था, तभी बालू लदे एक तेज रफ्तार अनियंत्रित ट्रैक्टर ने उसे कुचल दिया।टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि युवक की मौके पर ही मौत हो गई। वारदात के बाद ड्राइवर ट्रैक्टर लेकर फरार हो गया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है।
प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती
इन दो घटनाओं ने राज्य में बालू माफिया के बढ़ते मनोबल को उजागर कर दिया है। एक तरफ जहाँ राजस्व का भारी नुकसान हो रहा है, वहीं दूसरी ओर अधिकारियों की सुरक्षा खतरे में पड़ गई है। स्थानीय लोगों में प्रशासन के प्रति आक्रोश है और वे आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं।



