Bihar: पेशी से पहले अनंत सिंह की गिरफ्तारी को वकील ने बताया ‘चुनावी साजिश’, बिहार के DGP बोले- सबूतों के आधार पर हो रही कार्रवाई

Bihar news: दुलारचंद हत्याकांड में बड़ी कार्रवाई करते हुए पुलिस ने मुख्य आरोपी बनाए गए JDU प्रत्याशी अनंत सिंह को गिरफ्तार कर लिया। उनके मजिस्ट्रेट के सामने पेशी होनी है। इससे पहले अनंत सिंह की गिरफ्तारी पर उनके वकील का बयान सामने आया है।
Anant Singh arrested: बिहार चुनाव 2025 के बीच दुलारचंद यादव हत्याकांड को लेकर सियासी पारा अपने चरम पर पहुंच गया है। देर रात पटना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जेडीयू प्रत्याशी और मोकामा के बाहुबली नेता अनंत सिंह को बाढ़ से गिरफ्तार कर लिया। पटना में मजिस्ट्रेट के सामने उनकी पेशी होगी। इस बीच अनंत सिंह की गिरफ्तारी पर उनके वकील की भी प्रतिक्रिया सामने आई है।
जज के सामने रखेंगे पक्ष- वकील
अनंत सिंह को गिरफ्तारी करने के बाद उन्हें पटना एसएसपी ऑफिस के DIU सेल में रखा गया है। पुलिस की इस कार्रवाई पर उनके वकील नवीन कुमार ने रिपब्लिक भारत से बातचीत करते हुए इसे चुनावी साजिश बताया। उन्होंने कहा कि जज के सामने हम अपना पक्ष रखेंगे। इसके पीछे का मकसद चुनाव को प्रभावित करना है।
80 से ज्यादा लोगों की गिरफ्तारी, हथियार की तलाश जारी- DGP
इस बीच पूरे घटनाक्रम पर बिहार के डीजीपी विनय कुमार का भी बयान सामने आया है। उन्होंने कहा, “पटना के एसएसपी ने प्रेस वार्ता में स्पष्ट किया कि गिरफ्तारियां कैसे हुईं। यह सब अभी जांच का विषय है। जांच के बाद ही पता चलेगा कि किसकी क्या मंशा थी। जो घटना हुई, उसमें दुलारचंद यादव की मौत हो गई। वहां झड़प हुई। गाड़ियों में सवार दोनों उम्मीदवारों के समर्थक आपस में भिड़ गए। पत्थरबाजी भी हुई।”
उन्होंने बताया कि पुलिस ने इन सभी मामलों में मुकदमे दर्ज हैं और इस हत्याकांड समेत सभी मामलों में 80 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार किया गया है। घटनाओं में शामिल लोगों को अरेस्ट किया जा रहा है।
डीजीपी ने कहा कि गिरफ्तारियां सबूतों के आधार पर की जा रही हैं। हथियार अभी तक बरामद नहीं हुआ है। उसे बरामद करने के प्रयास जारी हैं। सबसे पहले, यह पता लगाया जा रहा है कि गोली किसने चलाई। हथियार बरामद होने के बाद, फॉरेसिंक जांच की जाएगी।
दुलारचंद यादव की हत्या से आया सियासी भूचाल
बता दें कि बिहार में पहले चरण के लिए मतदान से महज कुछ दिन पहले 30 अक्टूबर को मोकामा में दुलारचंद यादव की हत्या कर दी गई थी। वो जनसुराज पार्टी के प्रत्याशी पीयूष प्रियदर्शी के समर्थन में प्रचार कर रहे थे। इसी दौरान दो गुटों के बीच हिंसक झड़प हो गई, जो बढ़ते-बढ़ते फायरिंग और मारपीट तक पहुंच गई। दोनों ओर से पत्थरबाजी और गोलीबारी होने लगी। जनसुराज के उम्मीदवार पीयूष प्रियदर्शी ने आरोप लगाया कि मोकामा से JDU उम्मीदवार और ‘छोटे सरकार’ के नाम से मशहूर बाहुबली अनंत सिंह ने इस हमले की साजिश रची थी और गोली लगने से दुलारचंद यादव की मौत हो गई।
इस बीच दुलारचंद यादव की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में कई चौंकाने वाले खुलासे हुए। इसके मुताबिक दुलारचंद की हत्या गोली लगने नहीं हुई थी। गोली उनके पैर के एंकल में लगी थी और वो आर-पार हो गई थी। उनके शरीर पर चोटों के निशान भी मिले हैं। यह भी कहा जा रहा है कि उनकी मौत फेफड़ा फटने और सीने की पसलियां टुटने से हुई है।



