
उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले में पैतृक जमीन के विवाद ने सोमवार शाम खूनी रूप ले लिया। पुरकाजी थाना क्षेत्र के नूरनगर गांव में 65 वर्षीय कृष्णपाल की गोली मारकर हत्या कर दी गई। आरोप है कि उनके बड़े भाई दीपचंद और उनके बेटों ने वारदात को अंजाम दिया। घटना के बाद आरोपी फरार हो गए, जबकि पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है।
पूर्व शुगर मिल चेयरमैन थे कृष्णपाल
कृष्णपाल जिले के सहकारी और चीनी उद्योग क्षेत्र का जाना-पहचाना नाम थे। वह तितावी शुगर मिल के पूर्व चेयरमैन रह चुके थे और वर्तमान में उत्तम शुगर मिल, खाईखेड़ी के निदेशक के रूप में कार्यरत थे। उनकी हत्या की खबर से इलाके में शोक की लहर दौड़ गई। बड़ी संख्या में ग्रामीण, समर्थक और शुभचिंतक अस्पताल एवं उनके आवास पर पहुंचे।
सीने में मारी गोली, अस्पताल में जुटी भीड़
जानकारी के अनुसार, सोमवार शाम करीब 5:30 बजे जमीन को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद बढ़ गया। इसी दौरान आरोपियों ने कृष्णपाल के सीने में गोली मार दी। गंभीर हालत में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद अस्पताल में लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी।
लंबे समय से चल रहा था पैतृक जमीन का विवाद
ग्रामीणों के मुताबिक, कृष्णपाल और उनके बड़े भाई के बीच पैतृक जमीन को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। कई बार पंचायत और समझौते की कोशिशें हुईं, लेकिन विवाद खत्म नहीं हुआ। सोमवार को कहासुनी के बाद मामला हिंसक हो गया और गोलीबारी में कृष्णपाल की जान चली गई।
पुलिस ने शुरू की आरोपियों की तलाश
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और फॉरेंसिक साक्ष्य जुटाने की कार्रवाई शुरू की। थाना प्रभारी डॉ. मनविंदर सिंह ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। गांव में किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है।
इलाके में तनाव, परिवार में मातम
हत्या के बाद नूरनगर गांव में तनावपूर्ण माहौल बना हुआ है। मृतक के परिवार में कोहराम मचा है, जबकि क्षेत्र के लोग इस घटना को पारिवारिक विवाद का दुखद परिणाम बता रहे हैं। पुलिस ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है।



