Jharkhand: जमशेदपुर के वसंत जमशेदपुरी को ‘रघुनाथ महतो स्मृति सम्मान’, रांची में होगा भव्य आयोजन

जमशेदपुर: झारखंड में साहित्य, संस्कृति और क्षेत्रीय भाषाओं को संवर्धित करने के उद्देश्य से झारखंड साहित्य अकादमी स्थापना संघर्ष समिति ने चौथे स्मृति सम्मानों की घोषणा कर दी है। इस वर्ष जमशेदपुर के वरिष्ठ साहित्यकार वसंत जमशेदपुरी को उनके छंदों के प्रति समर्पण और उत्कृष्ट साहित्यिक लेखन हेतु प्रतिष्ठित ‘रघुनाथ महतो स्मृति सम्मान’ से नवाजा जाएगा।
त्रिसदस्यीय निर्णायक मंडल ने लिया निर्णय
सम्मानों की घोषणा के लिए समिति द्वारा गठित त्रिसदस्यीय निर्णायक मंडल, जिसमें शिरोमणि महतो, नीरज नीर और विनोद राज शामिल थे, ने वसंत जमशेदपुरी के नाम पर मुहर लगाई। यह चयन उनकी दीर्घकालीन साहित्य सेवा और भाषाई विविधता को देखते हुए किया गया है।
वसंत जमशेदपुरी: बहुआयामी प्रतिभा के धनी
वसंत जमशेदपुरी का साहित्य के क्षेत्र में योगदान अतुलनीय है। उन्होंने न केवल हिंदी, बल्कि राजस्थानी और भोजपुरी भाषाओं में भी प्रचुर मात्रा में सृजन किया है। उनकी साहित्यिक उपलब्धियों की झलक कुछ इस प्रकार है।उन्होंने प्रसिद्ध ‘सुंदर कांड’ का राजस्थानी भाषा में भावानुवाद कर अपनी विशिष्ट पहचान बनाई है।अब तक उनकी 6 पुस्तकें प्रकाशित हो चुकी हैं, जबकि उनकी सातवीं पुस्तक वर्तमान में प्रेस में है।उनकी रचनाएं देश की 100 से अधिक प्रतिष्ठित पत्र-पत्रिकाओं में नियमित रूप से प्रकाशित होती रही हैं। वे जमशेदपुर की अग्रणी संस्था तुलसी भवन समेत शहर की सभी प्रमुख साहित्यिक संस्थाओं के सक्रिय सदस्य हैं।
महुआ माजी और विद्याभूषण के साथ होंगे सम्मानित
समिति ने बताया कि यह सम्मान समारोह रांची में एक भव्य कार्यक्रम के रूप में आयोजित किया जाएगा। इस गौरवशाली मंच पर झारखंड की वरिष्ठ साहित्यकार एवं सांसद महुआ माजी तथा प्रसिद्ध साहित्यकार विद्याभूषण को भी सम्मानित किया जाएगा। प्रदेश के दिग्गज पुरोधाओं की स्मृति में दिए जाने वाले इन सम्मानों का उद्देश्य राज्य के लेखकों का उत्साहवर्धन करना है।



