Jharkhand; ‘डहरे टुसू’ की धूम, डिमना से साकची तक उमड़ा लोक संस्कृति का सैलाब, हजारों की भीड़ से थमी शहर की रफ्तार

जमशेदपुर: झारखंड की समृद्ध लोक संस्कृति और परंपराओं का जीवंत रूप आज जमशेदपुर की सड़कों पर देखने को मिला। वृहद कला संस्कृति मंच के तत्वावधान में आयोजित ‘डहरे टुसू’ (सड़क पर टुसू उत्सव) का भव्य आगाज हुआ। डिमना से शुरू होकर यह पदयात्रा साकची के आम बागान मैदान तक जाएगी, जिसमें हजारों की संख्या में श्रद्धालु और सांस्कृतिक प्रेमी शामिल हैं।
परंपरा और आधुनिकता का संगम
डहरे टुसू का नजारा बेहद मनमोहक है। उत्सव की शुरुआत में सुरक्षा और सावधानी के तौर पर एक फर्स्ट एड (प्राथमिक उपचार) वाहन चल रहा है, जिसके पीछे महिलाएं वृहद कला संस्कृति मंच का बैनर थामे अनुशासन के साथ आगे बढ़ रही हैं।इस बार के डहरे टुसू में महिलाओं की संख्या विशेष रूप से अधिक देखी जा रही है।मांदर और ढोल की थाप पर पारंपरिक टुसू गीत गाते और थिरकते हुए लोग अपनी संस्कृति के प्रति गर्व व्यक्त कर रहे हैं। चौड़ल (टुसू की प्रतिमा) की भव्यता आकर्षण का केंद्र बनी हुई है।
सड़कों पर उमड़ी भारी भीड़
इस भव्य सांस्कृतिक शोभायात्रा को देखने के लिए मानगो और डिमना रोड के दोनों किनारों पर हजारों लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा। लोग अपने घरों की छतों और दुकानों के बाहर खड़े होकर इस विहंगम दृश्य को अपनी आँखों और मोबाइल कैमरों में कैद करते नजर आए।
ट्रैफिक व्यवस्था प्रभावित, जाम से जूझ रहे लोग
हजारों की भीड़ और लंबी पदयात्रा के कारण शहर की यातायात व्यवस्था पर गहरा असर पड़ा है।: प्रशासन ने भीड़ को देखते हुए डिमना रोड के एक हिस्से को पूरी तरह बंद कर दिया है। डिमना से साकची जाने और आने वाले दोनों तरफ के वाहनों को एक ही लेन में डायवर्ट किया गया है। इसके कारण मानगो चौक और डिमना रोड पर भीषण जाम की स्थिति उत्पन्न हो गई है, जिससे राहगीरों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
साकची आम बागान में होगा मुख्य समागम
यह पदयात्रा मानगो होते हुए साकची पहुंचेगी, जहाँ आम बागान मैदान में एक विशाल सांस्कृतिक सभा का आयोजन किया जाएगा। यहाँ विभिन्न क्षेत्रों से आए टुसू चौड़ल के बीच प्रतियोगिता और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन होना है।



