आदित्यपुर : सरायकेला-खरसावां जिले के आदित्यपुर स्थित आसंगी चेक डैम में रविवार को एक बड़ा और दर्दनाक हादसा हो गया। एनआईटी जमशेदपुर के मेटालर्जी विभाग के चतुर्थ वर्ष के छात्र मीर हसन अपने सहपाठियों के साथ चेक डैम घूमने और नहाने के दौरान गहरे पानी में डूबकर लापता हो गए। घटना की खबर फैलते ही एनआईटी परिसर में शोक की लहर दौड़ गई, जो देखते ही देखते जिला प्रशासन और कॉलेज प्रबंधन के खिलाफ उग्र आक्रोश में बदल गई।
दोस्तों के सामने गहरे पानी में समाया छात्र; देर शाम तक रेस्क्यू जारी
घटना के संबंध में मिली जानकारी के अनुसार बीटेक अंतिम वर्ष के छात्र मीर हसन रविवार को अपने दोस्तों के साथ वीकेंड पर आसंगी चेक डैम घूमने पहुंचे थे। नहाने के दौरान मीर हसन अचानक चेक डैम के गहरे भंवर और पानी के तेज बहाव की चपेट में आ गए। साथियों के सामने ही वे देखते ही देखते पानी में ओझल हो गए। दोस्तों के शोर मचाने पर आसपास के ग्रामीण और आरआईटी थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। गोताखोरों की मदद से देर शाम तक सर्च ऑपरेशन (खोज अभियान) चलाया गया, लेकिन छात्र का कोई सुराग नहीं मिल सका था।
“सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं” — एनआईटी कैंपस में छात्रों का जोरदार प्रदर्शन
हादसे की सूचना जैसे ही एनआईटी जमशेदपुर पहुंची, सैकड़ों की संख्या में छात्र एकजुट हो गए और प्रशासन व संस्थान प्रबंधन के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। प्रदर्शनकारी छात्रों का आरोप है कि आसंगी चेक डैम जैसे खतरनाक और संवेदनशील पिकनिक स्पॉट पर न तो चेतावनी बोर्ड लगाए गए हैं और न ही वहां सुरक्षा गार्ड या गोताखोरों की कोई व्यवस्था है। छात्रों ने पीड़ित परिजनों के लिए 1 करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता (मुआवजा) देने की मांग की है। छात्रों ने मांग की है कि हादसे की उच्चस्तरीय निष्पक्ष जांच कराई जाए और यदि सुरक्षा इंतज़ामों में किसी भी स्तर पर प्रशासनिक या प्रबंधन की लापरवाही पाई जाती है, तो दोषियों पर सख्त कानूनी कार्रवाई हो।
पुलिस और प्रशासन की स्थिति पर नजर
इधर, आरआईटी थाना पुलिस और जिला प्रशासन की टीम मौके पर कैंप कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि उनकी पहली प्राथमिकता रेस्क्यू टीम एनडीआरएफ /एसडीआरएफ की मदद से लापता छात्र को जल्द से जल्द ढूंढ निकालना है। वहीं एनआईटी परिसर में तनाव को देखते हुए पुलिस बल की तैनाती कर स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया जा रहा है।
