महादेव कोना: वन विभाग के प्लांटेशन क्षेत्र के लिए बनाए गए ट्रेंच (खाई) में गिरने से एक जंगली भालू की मौत हो गई। रविवार को जंगल में लकड़ी चुनने गए ग्रामीणों की नजर ट्रेंच में पड़े मृत भालू पर पड़ी, जिसके बाद उन्होंने तत्काल वन विभाग को इसकी सूचना दी।
सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची वन विभाग की टीम
सूचना मिलने के बाद वन विभाग की टीम घटनास्थल पर पहुंची और भालू के शव को वन परिसर लाया गया। इसके बाद पशुपालन विभाग की टीम ने शव का पोस्टमार्टम किया। आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद भालू के शव को दफना दिया गया।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट से होगा मौत के कारणों का खुलासा
वनपाल शेखर सिंह ने बताया कि भालू की पीठ पर चोट के निशान पाए गए हैं। उन्होंने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि भालू की मौत किसी हमले के कारण हुई या ट्रेंच में गिरने अथवा अन्य प्राकृतिक कारणों से हुई।उन्होंने बताया कि फिलहाल सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
वर्षों से तिर्रा पहाड़ क्षेत्र में विचरण करता था भालू
घटना की सूचना मिलते ही आसपास के ग्रामीण भी बड़ी संख्या में मौके पर पहुंच गए। ग्रामीणों के अनुसार, मृत भालू काफी बड़ा और वृद्ध था। स्थानीय लोगों का कहना है कि तिर्रा पहाड़ क्षेत्र में कई वर्षों से भालुओं का विचरण होता रहा है और उन्होंने कई बार यहां भालुओं को देखा है।
जांच में जुटा वन विभाग
मौके पर बीएचओ सूर्यवंश ठाकुर, टीवीओ रूपा लकड़ा, मनोज प्रसाद, सोमरा उरांव सहित वन विभाग के कई कर्मचारी मौजूद रहे। वन विभाग ने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि हो सकेगी।
