Jharkhand: मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति एम.एस. सोनक का व्यवहार न्यायालय निरीक्षण, लंबित मामलों की समीक्षा

सरायकेला:झारखंड उच्च न्यायालय के माननीय मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति महेश शरदचंद्र सोनक शनिवार को सरायकेला जिले के आधिकारिक दौरे पर पहुँचे। इस दौरान उन्होंने सरायकेला व्यवहार न्यायालय का गहन निरीक्षण किया और जिले की न्यायिक व्यवस्था की समीक्षा की। सर्किट हाउस पहुँचने पर जिला प्रशासन द्वारा उन्हें ‘गार्ड ऑफ ऑनर’ देकर सम्मानित किया गया।
जिला प्रशासन ने किया भव्य स्वागत
मुख्य न्यायाधीश के आगमन पर सरायकेला-खरसावां जिला प्रशासन की ओर से वरिष्ठ अधिकारियों ने उनकी अगवानी की। उप विकास आयुक्त रीना हाँसदा और पुलिस अधीक्षक मुकेश लुणायत ने पुष्पगुच्छ भेंट कर न्यायमूर्ति का स्वागत किया। व्यवहार न्यायालय परिसर पहुँचने पर स्थानीय स्कूली बच्चों ने सुमधुर स्वागत गान प्रस्तुत किया, जिसकी मुख्य न्यायाधीश ने सराहना की।
न्यायालय परिसर का निरीक्षण और ई-कोर्ट पर जोर
मुख्य न्यायाधीश ने व्यवहार न्यायालय के विभिन्न अनुभागों का दौरा कर कार्यप्रणाली का जायजा लिया। उन्होंने प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश रामाशंकर सिंह व अन्य न्यायिक अधिकारियों के साथ बैठक कर लंबित मामलों के त्वरित निष्पादन पर चर्चा की।न्यायमूर्ति ने विशेष रूप से ई-कोर्ट सुविधाओं के विस्तार, रिकॉर्ड रूम के वैज्ञानिक रख-रखाव और परिसर में स्वच्छता बनाए रखने के कड़े निर्देश दिए।उन्होंने कहा कि तकनीक का उपयोग इस तरह हो कि न्याय प्रक्रिया आम नागरिकों के लिए सरल और सुलभ बने।
कोर्ट स्थानांतरण पर बार एसोसिएशन की आपत्ति
निरीक्षण के दौरान जिला बार एसोसिएशन के सदस्यों ने मुख्य न्यायाधीश के समक्ष एक महत्वपूर्ण विषय रखा। अधिवक्ताओं ने व्यवहार न्यायालय को सरायकेला शहर से दूर स्थानांतरित करने के प्रस्ताव पर अपनी कड़ी आपत्ति जताई। मुख्य न्यायाधीश ने इस मामले पर गंभीरता से संज्ञान लिया और आश्वस्त किया कि न्यायिक बुनियादी ढांचे का विकास आम जनता की सुविधा को ध्यान में रखकर ही किया जाएगा।
गरिमामयी लोगों की रही उपस्थिति
इस अवसर पर न्यायिक और प्रशासनिक जगत की प्रमुख हस्तियां मौजूद रहीं, जिनमें जिला जज, न्यायिक दंडाधिकारी, जिला बार एसोसिएशन के पदाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधिकारी शामिल थे। मुख्य न्यायाधीश के इस दौरे से जिले के न्यायिक कार्यों में तेजी आने की उम्मीद जताई जा रही है।



