
बदायूं: उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। एचपीसीएल प्लांट के दो अधिकारियों की निर्मम हत्या करने वाले आरोपी अजय प्रताप सिंह को पुलिस ने एक मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तारी के दौरान हुई जवाबी कार्रवाई में आरोपी के दोनों पैरों में गोली लगी है, वहीं एक पुलिस कांस्टेबल भी घायल हुआ है।
क्या है पूरा मामला?
यह खूनी खेल 12 मार्च को मूसाझाग थाना क्षेत्र के ग्राम सैंजनी स्थित एचपीसीएल प्लांट में शुरू हुआ था। प्लांट में वेंडर का काम करने वाले अजय प्रताप सिंह ने मामूली रंजिश में दो अधिकारियों पर गोलियां बरसा दी थीं जिसमे निवासी बरेली सुधीर गुप्ता (58) और निवासी पीलीभीत हर्षित मिश्रा (34) को गोल लगी थी। दोनों अधिकारियों को लहूलुहान हालत में अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। प्लांट कर्मी जीशान अंसारी की तहरीर पर पुलिस ने मामला दर्ज किया था।
रंजिश में बनी हत्या की वजह
पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपना गुनाह कबूल करते हुए बताया कि वह प्लांट में वेंडर का काम करता था। अधिकारियों ने उसे नौकरी से निकाल दिया था और उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। इसी खुन्नस और रंजिश में उसने दोनों की जान लेने की साजिश रची।
मुठभेड़: तमंचा बरामदगी के दौरान फायरिंग
शुक्रवार को पुलिस आरोपी अजय प्रताप को लेकर घटना में प्रयुक्त हथियार बरामद करने मुडसैना के जंगल पहुंची थी। जैसे ही आरोपी ने छिपाया हुआ तमंचा निकाला, उसने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। इस हमले में कांस्टेबल ओमबीर सिंह के बाएं हाथ में गोली लग गई।आत्मरक्षार्थ पुलिस ने भी फायरिंग की, जिसमें आरोपी के दोनों पैरों में गोली लगी और वह घायल होकर गिर पड़ा।
बरामदगी और अस्पताल में भर्ती
पुलिस ने मौके से 315 बोर का तमंचा और दो खोखा कारतूस बरामद किए हैं। घायल आरोपी और घायल सिपाही, दोनों को इलाज के लिए जिला अस्पताल बदायूं में भर्ती कराया गया है। पुलिस अब मामले में आगे की कानूनी कार्यवाही पूरी कर रही है।



