Jharkhand: रूपुषकुंडी सन्यासी पीठ में 15 जनवरी से सजेगा तीन दिवसीय मेला, 300 साल पुराने आस्था केंद्र पर उमड़ेगी भीड़

चाकुलिया :पूर्वी सिंहभूम जिले के चाकुलिया प्रखंड अंतर्गत सरडीहा पंचायत के रूपुषकुंडी स्थित ऐतिहासिक सन्यासी पीठ में मकर संक्रांति के पावन अवसर पर तीन दिवसीय वार्षिक उत्सव सह सन्यासी मेला का भव्य आयोजन होने जा रहा है। 15 से 17 जनवरी तक चलने वाले इस महोत्सव की तैयारियां ‘सार्वजनिन सन्यासी पूजा कमेटी’ और ‘हिंदू मिलन मंदिर’ के संयुक्त तत्वावधान में पूरी कर ली गई हैं।
300 साल पुराना है सन्यासी पीठ का इतिहास
सन्यासी थान (पीठ) क्षेत्र के लोगों के लिए केवल एक धार्मिक स्थल नहीं, बल्कि गहरी आस्था का प्रतीक है। लगभग 300 साल पुराने इस स्थान का इतिहास गौरवशाली रहा है, जहाँ सालों से श्रद्धालु अपनी मन्नतें लेकर पहुंचते हैं। स्थानीय मान्यता है कि यहाँ श्रद्धा भाव से की गई पूजा कभी खाली नहीं जाती।
तीन दिवसीय कार्यक्रम की रूपरेखा
प्रथम दिन (15 जनवरी) को उत्सव का शुभारंभ सन्यासी देव की विशेष पूजा-अर्चना के साथ होगा। इसके पश्चात अखंड हरि नाम संकीर्तन का आयोजन किया जाएगा, जिससे पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो उठेगा।द्वितीय दिन (16 जनवरी) को सुबह पूजा-अर्चना के बाद शाम छह बजे से सांस्कृतिक कार्यक्रम के तहत पारंपरिक ‘बांग्ला यात्रा’ (लोक नाटक) का मंचन किया जाएगा। यह इस मेले का मुख्य आकर्षण होता है।तृतीय दिन (17 जनवरी) को अंतिम दिन मानुषमुड़िया दुर्गा वाटिका से स्वामी प्रणवानंद की स्मृति में भव्य शोभा यात्रा निकाली जाएगी। इसके बाद हिंदू धर्म और संस्कृति पर विद्वानों द्वारा चर्चा की जाएगी। साथ ही जनकल्याण हेतु वैदिक विश्व शांति यज्ञ का आयोजन होगा।
समापन और समाज सेवा
मेले के अंतिम चरण में कमेटी द्वारा जरूरतमंदों के बीच वस्त्र वितरण किया जाएगा। महाप्रसाद वितरण के साथ ही इस तीन दिवसीय सन्यासी मेले का विधिवत समापन होगा।
आयोजन समिति की सक्रियता
कमेटी के अध्यक्ष चंडी चरण साधु, सचिव लालटु घटवारी और कोषाध्यक्ष दीनबंधु दे ने बताया कि इस वर्ष मेले में रिकॉर्ड भीड़ जुटने की संभावना है। सुरक्षा और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। आयोजन समिति ने क्षेत्र के सभी सनातन प्रेमियों से इस दिव्य उत्सव में शामिल होने की अपील की है।



