
गोरखपुर। दीन दयाल उपाध्याय विश्वविद्यालय से संबद्ध जेबी महाजन डिग्री कॉलेज, चौरीचौरा में मंगलवार को परीक्षा के दौरान प्रशासन की बड़ी लापरवाही सामने आई है। यहाँ 17 दिसंबर को होने वाली परीक्षाओं के प्रश्नपत्र एक दिन पहले (मंगलवार) ही परीक्षार्थियों को बांट दिए गए। मामला उजागर होने के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन ने दोनों विषयों की परीक्षाएं निरस्त कर दी हैं।
कैसे हुई चूक?
मंगलवार को स्नातक द्वितीय वर्ष की इकोनॉमिक्स-301 और कॉमर्स-302 विषयों की परीक्षाएं निर्धारित थीं। लेकिन कॉलेज प्रशासन ने गलती से इकोनॉमिक्स-301 की जगह इकोनॉमिक्स-302 का पेपर बांट दिया।कॉमर्स-302 की जगह कॉमर्स-303 का पेपर बांट दिया।हैरानी की बात यह है कि ये दोनों पेपर (302 और 303) बुधवार यानी 17 दिसंबर को होने वाले थे। पेपर बंटने के करीब 15 मिनट बाद जब छात्रों ने शोर मचाया, तब कॉलेज प्रशासन की नींद खुली।
बाइक की डिक्की में पेपर ले गया छात्र
अफरा-तफरी के बीच जब कक्ष निरीक्षकों ने पेपर वापस लेना शुरू किया, तो एक छात्र चतुराई दिखाते हुए प्रश्नपत्र लेकर परीक्षा हॉल से बाहर निकल गया और उसे अपनी बाइक की डिक्की में छिपा दिया। बाद में कॉलेज प्रशासन ने कड़ी मशक्कत के बाद उससे पेपर बरामद किया।
DDU प्रशासन का कड़ा एक्शन
विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रक ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए निम्नलिखित बड़े कदम उठाए हैं।17 दिसंबर को होने वाली ईसीओ-302 और सीओएम-303 की परीक्षाएं तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दी गई हैं। इनकी नई तिथि जल्द घोषित होगी। मौजूदा केंद्राध्यक्ष को हटाकर डॉ. निमिषा राय को नया केंद्राध्यक्ष नियुक्त किया गया है। प्रो. उमा शंकर प्रसाद को कॉलेज का पर्यवेक्षक बनाया गया है।तीन सदस्यीय समिति को 3 दिन के भीतर रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया गया है।
सीसीटीवी फुटेज और पिछले रिकॉर्ड की जांच
विश्वविद्यालय ने कॉलेज से पूरे घटनाक्रम का सीसीटीवी फुटेज मांगा है। समिति इस बात की भी जांच करेगी कि इस लापरवाही से विश्वविद्यालय को कितना वित्तीय नुकसान हुआ है। गौरतलब है कि इस कॉलेज का विवादों से पुराना नाता रहा है; वर्ष 2023 में भी यहाँ कैंपस से बाहर कॉपी लिखवाने के आरोप में प्राचार्य को सस्पेंड किया गया था।
कुलपति का बयान
डीडीयू की कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने कहा “यह मामला बेहद गंभीर है। परीक्षा की शुचिता से समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जांच समिति की रिपोर्ट के आधार पर कॉलेज के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पर्यवेक्षक की निगरानी में अन्य परीक्षाएं निर्धारित समय पर जारी रहेंगी।”
छात्रों के लिए जरूरी सूचना
ईसीओ-302 और सीओएम-303 पेपर को निरस्त किया गया है। विश्वविद्यालय जल्द ही आधिकारिक वेबसाइट पर नई तारीखों की घोषणा करेगा। शेष परीक्षाएं पूर्व निर्धारित समय सारणी के अनुसार ही आयोजित होंगी।



